फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

रामगंगा बांध का जलस्तर 352.530 मीटर पार

विज्ञापन
विज्ञापन
रामगंगा बांध का जलस्तर 352.530 मीटर पार
विज्ञापन

बिजनौर, कालागढ़। रामगंगा बांध के जलाशय का जल स्तर पहाड़ों पर हो रही बारिश के चलते बढ़ने लगा है। बृहस्पतिवार को बांध के जलाशय का जलस्तर 352.530 मीटर को पार कर गया। बांध के जल स्तर पर निगरानी रखने के लिए बांध प्रशासन ने सहायक अभियंताओं की डयूटी लगा दी है।
कालागढ़ स्थित रामगंगा बांध के जलाशय का जलस्तर बृहस्पतिवार को 352.530 मीटर रिकार्ड किया गया। सहायक अभियंता एमडी जोशी का कहना है कि बांध के जलाशय का जलस्तर अगस्त के महीने में 355 मीटर बनाए रखने का प्राविधान है। बांध की पहाड़ियों पर होने वाली बारिश के चलते जलस्तर को बनाए रखा जाता है। पहाड़ो पर अधिक बारिश होने पर बांध के जलाशय से इस प्रकार पानी की निकासी नदी में की जाती है कि जलस्तर 355 मीटर बना रहे। हालांकि वर्तमान में पहाड़ों पर हो रही बारिश अपर्याप्त है। यदि लगातार बारिश पड़ती है तो बांध से पानी की निकासी की जाएगी। इस बारे में बांध प्रशासन पहले ही बाढ़ चेतावनी जारी कर बिजनौर, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, जेपी नगर, शाहजहांपुर एवं फर्रुखाबाद के जिला प्रशासन को नदी क्षेत्र मेें बाढ़ से बचाव के लिए अवगत करा चुका है। कालागढ़ स्थित बांध की उंचाई 172 मीटर है। बांध के गेटों से चलने वाला पानी तेजगति से नदी में चलता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

बाढ़ की विभिषिका झेल चुके हैं नदी तट के क्षेत्र
रामगंगा बांध के जलाशय से 1978, 1990, 2010 में पानी छोड़ा जा चुका है। पानी छोड़े जाने के फलस्वरुप नदी के तटों पर भारी बाढ़ आ गई थी। इससे उत्तर प्रदेश के सात जनपदों को भारी त्रासदी का सामना करना पड़ा था। वर्तमान में बांध का जलस्तर हालांकि 355 मीटर से अभी कम है। बाढ़ से क्षेत्र को बचाने के लिए बांध प्रशासन 355 मीटर से ही पानी की निकासी करने की योजना बना चुका है। जबकि पूर्व में बांध के जलाशय से 365 मीटर पानी होने पर ही निकासी की गई थी। इसकी वजह से मैदानी क्षेत्रों में बाढ़ एक विभिषिका बनकर आई थी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें