एप से बदलेगी बेसिक स्कूलों की सूरत
बिजनौर। बेसिक शिक्षा विभाग ने शिक्षण कार्य को रुचिकर बनाने व स्कूलों की कायाकल्प करने को लेकर आधा दर्जन से भी अधिक एप शुरू किए गए हैं। इनके माध्यम से शिक्षकों के ऑनलाइन प्रशिक्षण से लेकर बच्चों का शिक्षण कार्य तक कराया जाएगा। शुरू किए गए एप पर ही स्कूलों का संपूर्ण रिकॉर्ड भी उपलब्ध रहेगा। स्कूलों की निगरानी का कार्य प्रेरणा पोर्टल पर कराना शुरू कर दिया गया है।
बेसिक शिक्षा विभाग के अंतर्गत आने वाले परिषदीय प्राथमिक व उच्च प्राथमिक विद्यालय जल्दी ही बदले हुए नजर आएंगे। शासन ने इन स्कूलों के संचालन के लिए आधा दर्जन से भी अधिक एप शुरू किए हैं। इसमें प्रेरणा एप पर स्कूलों की निगरानी कराई जाएगी। इसके अंतर्गत शिक्षा विभाग में कार्यरत एआरपी और एसआरजी स्कूलों में पहुंच कर सुपर विजन का कार्य करेंगे। इस पर बच्चों और विद्यालय का रिकॉर्ड भी दर्ज कराया जाएगा। इसके अलावा शुरू किए गए दीक्षा एप पर कक्षा एक से 12 तक की सभी पुस्तकें उपलब्ध रहेंगी। शिक्षक बच्चों को पढ़ाने के लिए दीक्षा एप पर पहुंचकर किसी भी पाठ का अध्ययन कर सकते हैं। शिक्षकों को दिए जाने वाले विभागीय प्रशिक्षण अब गूगल मीट पर कराने शुरू किए गए हैं। 25 शिक्षकों का ग्रुप बना कर गूगल मीट से जोड़कर उन्हें कई प्रकार के प्रशिक्षण दिए जाएंगे। हाल ही में शिक्षकों को ध्यानाकर्षण के लिए प्रशिक्षण दिया गया है।
स्कूलों में बनी विद्यालय प्रबंध समिति, अभिभावक शिक्षक संघ, माता शिक्षक संघ की बैठकर एप पर कराई जाएंगी। कक्षा एक से दो तक के बच्चों को सीखने सिखाने के लिए बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से रीड ए लॉन्ग एप शुरू किया गया है। इसके सहारे बच्चों को भाषाई ज्ञान, अक्षर ज्ञान व विभिन्न कार्य में दक्ष के लिए रीडर लॉन्ग ऐप का सहारा लिया जाएगा। इसके अलावा भी शिक्षकों को अवकाश लेने के लिए मानव संपदा पोर्टल पर पहुंचकर एम स्थापना नाम की एप पर छुट्टी लेने के लिए दर्ज करानी होगी। स्कूलों के दिव्यांग बच्चों को पढ़ाने के लिए शिक्षक समर्थ एप का सहारा ले सकते हैं। इसमें बच्चों के क्षमता संवर्धन के लिए कई मॉडल उपलब्ध रहते हैं। स्कूलों में बच्चों को खेलों की गतिविधियों से जोड़ने के लिए स्कूलों का रजिस्ट्रेशन अब खेलो इंडिया एप पर कराना होगा।
दीक्षा एप शिक्षकों के लिए महत्वपूर्ण
स्टेट रिसोर्स पर्सन दुष्यंत कुमार के मुताबिक बेसिक शिक्षा विभाग के शिक्षकों के लिए दीक्षा एप महत्वपूर्ण है। इस ऐप पर कक्षा एक से 12 तक की सभी पुस्तकें उपलब्ध हैं। शिक्षक संवर्ग क्षमता संवर्धन, टीचिंग मॉडल के लिए शुरू किए गए विभिन्न एप का सहारा ले सकते हैं। प्रशिक्षक ताज वीर सिंह देवरा के मुताबिक अब शिक्षकों को ऑनलाइन प्रशिक्षण की व्यवस्था शुरू की गई है। इसके माध्यम से शिक्षक प्रशिक्षण ले रहे हैं। दूसरी ओर जिला समन्वयक सलीम अख्तर बेग के मुताबिक अब विभागीय सूचनाएं भी मानव संपदा पोर्टल के माध्यम से मांगी जा रही हैं। ताकि स्कूलों में यदि कोई कार्य आधा अधूरा है तो उसको पूरा कराया जाएगा। बीएसए महेश चंद के मुताबिक शिक्षक ऑनलाइन प्रशिक्षण में रुचि ले रहे हैं।