हल्दौर। गांव अम्हेड़ा में नवाजिश पुत्र अकबर के गोली लगने से घायल होने की घटना विरोधियों को फंसाने की साजिश निकली। उसने अपने भाई सलीम व दो अन्य के साथ मिलकर ऐसा किया था। इस मामले में पुलिस ने दोनों भाइयों को गिरफ्तार कर लिया है।
बुधवार को हल्दौर पुलिस ने बताया कि दो दिसंबर को सलीम ने अपने भाई नवाजिश को गोली मारे जाने की तहरीर दी थी। उसके कंधे में गोली लगी थी। मामले में तीन लोगों को नामजद किया गया था। पुलिस ने जांच में दर्ज कराई प्राथमिकी को झूठा पाया। इस मामले में दोनों भाइयों के अलावा शादाब और फैजान के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई।
सलीम ने पूछताछ में बताया कि वह अपने भाइयों दानिश, नवाजिश, नईम, अहमद और बहन के साथ दिल्ली में रहता है। आठ अक्तूबर को अम्हेड़ा में पीर साहब के उर्स में कव्वाली के दौरान उसके भाई अहमद को महिलाओं के लिए निर्धारित स्थान पर जाने से गांव के वाजिद ने रोक दिया था। इसे लेकर कहासुनी हो गई थी। बाद में उसने कई अन्य लड़कों के साथ मिलकर उसके भाई अहमद व नवाजिश से मारपीट की थी।
इसके बाद भी दोनों पक्षों में मारपीट हुई। इसकी दोनों पक्षों ने प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। इसी रंजिश के चलते दो दिसंबर को नवाजिश को गोली मारकर हल्की चोट पहुंचाने और विरोधियों को फंसाने की साजिश रची गई। इस साजिश में फैजान व शादाब भी शामिल रहे। मामले की प्राथमिकी सलीम ने दर्ज कराई थी। पुलिस ने घटना में प्रयुक्त देशी पिस्टल भी बरामद कर लिया है।