बिजनौर। जिला पंचायत की ओर से आयोजित ऐतिहासिक विदुर कुटी गंगा मेले का विधिवत शुभारंभ मंगलवार (आज) होगा। गंगा की जलधारा में दुग्धाभिषेक शुभारंभ किया जाएगा। गंगा मैया से मेले को सकुशल संपन्न कराने की आराधना की जाएगी। मुख्य अतिथि क्षेत्रीय अध्यक्ष पश्चिमी क्षेत्र भाजपा एवं जिला पंचायत अध्यक्ष चौधरी साकेंद्र प्रताप सिंह, समस्त विधायकगण को मेला के विधि विधान से पूजन में आने के लिए निमंत्रण दिया गया है। गंगा स्नान मेला 15 नवंबर तक आयोजित होगा।
गंगा तट पर लग रहे कार्तिक पूर्णिमा मेले की तैयारियां एक महीने से चल रही हैं। मेले में कई दिन तक श्रद्धालु पहुंचते हैं। विदुरकुटी से ढाई किलोमीटर दूर गंगा नदी के रेती में मेला लग रहा है। गंगा स्नान मेले में मुख्य मार्गों, चौराहों, रंग बिरंगी रोशनी, प्रकाश पथ, हिंडोले और झूले लग गए हैं। रात में रंग बिरंगी रोशनी मन मोह रही है। गंगा किनारे खास इंतजाम किए जा रहे हैं। तंबुओं का शहर बसने लगा है। सोमवार दोपहर से विदुरकुटी गंगा स्नान मेले में श्रद्धालु पहुंचने लगे हैं।
-जिला पंचायत अध्यक्ष ने किया जायजा
जिला पंचायत अध्यक्ष चौधरी साकेंन्द्र प्रताप सिंह ने विदुरकुटी गंगा स्नान मेले का जायजा लिया। जल स्तर आदि बिंदुओं पर जिला पंचायत अधिकारियों से वार्ता की। कहा कि विदुरकुटी का गंगा स्नान मेला पौराणिक, ऐतिहासिक मेला है। मेले में लाखोें श्रद्धालु पहुंच कर गंगा स्नान करते हैं। मेले में आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा में कोई कसर नहीं रहनी चाहिए। मेले की भव्यता श्रद्धालुओं का मन मोह ने वाली होनी चाहिए। उनके साथ पूर्व ब्लाक प्रमुख विनोद राठी आदि रहे।
-गंगा नदी में पानी बढ़ने की बढ़ी समस्या
गंगा बैराज से गंगा नदी में पानी छोड़ दिया गया था। ज्यादा पानी आने से पानी विदुरकुटी के नीचे और मेले के स्थान को काटने लगा था। वीआईपी तंबू बनने वाले क्षेत्र में फैल गया था। जलस्तर बढ़ने से गंगा नदी में स्नान की बैरीकेटिंग नहीं हो पाई। जिला पंचायत ने सिंचाई विभाग से वार्ता कर मेले के लिए पानी कम कराया। अपर मुख्य अधिकारी विकास मिश्रा ने बताया कि गंगा स्नान मेले में सात किलोमीटर लंबी सड़कों का निर्माण हो गया। श्रद्धालुओं के पर्याप्त स्थान तैयार कराया गया। जल स्तर कम हो गया है दोपहर से स्नान घाट पर पानी की गहराई देखकर बल्ली लगाई जा रही है।
-ट्रैक्टर ट्राली व बैलगाड़ी से पहुंचने लगे श्रद्धालु
विदुरकुटी के गंगा तट पर गंगा स्नान मेले के लिए श्रद्धालु आने लगे हैं। गंगा स्नान मेले के लिए बाजार भी सज रहे हैं। ट्रैक्टर ट्राली, बैलगाड़ी तथा अन्य वाहनों से श्रद्धालु गंगा तट पर पहुंच रहे हैं l प्रत्येक वर्ष लगने वाला कार्तिक मास गंगा स्नान मेले में लाखों की संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। जिला पंचायत की ओर से विदुरकुटी से लेकर मेला स्थल तक अस्थाई सड़कों का निर्माण कराया गया है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सड़कों पर प्रकाश की व्यवस्था की गई।
- एसपी ने गंगा मेले में पहुंचकर लिया जायजा
गंगा घाट पर सुरक्षा के लिए कड़े इंतजाम किए गए हैं l आपात स्थिति से निपटने की भी पर्याप्त इंतजाम है। एसपी अभिषेक झा ने मेले में पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। वहां तैनात पुलिस कर्मी, पुलिस अधिकारियों को आवश्क दिशा निर्देश दिए।
-मूर्तियां बढ़ा रहीं मेले की भव्यता
गंगा स्नान के मुख्य द्वार से सभी चौराहों पर देवी देवताओं की सुंदर मूर्तियां लगी है़ं, जिसमें भगवान श्रीराम परिवार, भगवान श्री भोलेनाथ, श्रीराधा कृष्ण, श्रीगणेश जी आदि मूर्तियां स्थापित की गई हैं।
गंगा मेले में बहुत कुछ बदला, कुछ गुम हुआ
बिजनौर। बुजुर्ग राकेश कुमार प्रधान ने बताया कि गंगा स्नान मेले में बहुत कुछ बदलाव आ गया है। करीब छह दशक पहले की बात करें तो मेले में श्रद्धालुओं के लिए रागनी, धार्मिक भजन कीर्तिन के पंडाल लगाए जाते थे। मेले की भव्यता बढ़ी है आधुनिकीकरण का भी असर दिखाई दे रहा है। उनके जमाने में लड़कों के विवाह की भी बात यहीं तय हो जाती थी।
युवा अंकित कुमार का कहना है कि विदुर कुटी पर गंगा किनारे लगने वाला मेले में आधुनिक लाइट, सुरक्षा व्यवस्था, मनोरंजन के लिए बड़े-बड़े झूले आदि की व्यवस्था की गई है। मेले में किसानों की जानकारी से संबंधित विभागों के स्टॉल लगवाने पर ध्यान दें।
बिजनौर के गंज में विदुर कुटी के सामने गंगा स्नान के लिए तैयार किया गया गंगा घाट। संवाद