नजीबाबाद क्षेत्र में पानी की टंकी।
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नजीबाबाद (बिजनौर)। केंद्र सरकार द्वारा घर-घर जल पहुंचाने और पानी के संरक्षण की पहल में जल निगम ने नजीबाबाद तहसील सहित जनपद बिजनौर की नगर पालिका और नगर पंचायतों में जल संसाधनों का सर्वेक्षण शुरू किया है।
अटल मिशन ऑफ रेजुवेनेंशन एंड अर्बन ट्रांसफोर्मेशन अमृत-2 के अंतर्गत एक लाख से अधिक आबादी वाली तहसीलों में घर-घर पानी पहुंचाने और पानी को संरक्षित करने के लिए जल निगम ने सर्वे अभियान शुरू किया है। अमृत मिशन-2 के अंतर्गत जल निगम मुरादाबाद के अधिशासी अभियंता नगर सैय्यद तारिक अली के नेतृत्व में जल निगम की सर्वे टीम नजीबाबाद, बिजनौर सहित जनपद की विभिन्न नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों के मौजूदा जल संसाधनों का सर्वे कर रही है। जल निगम मुरादाबाद के अवर अभियंता मो. अहसान और रविकांत गौतम द्वारा योजना के अंतर्गत नगर पंचायतों के पास उपलब्ध जल संसाधनों का ब्योरा एकत्र किया जा रहा है। टीम द्वारा नगर पालिका और नगर पंचायतों के नलकूपों की स्थिति, पेयजल क्षमता, नलकूपों की संख्या का सर्वे कर रही है। दो माह के भीतर सर्वे पूरा होने की संभावना है।
अटल मिशन ऑफ रेजुवेनेंशन एंड अर्बन ट्रांसफोर्मेशन अमृत-2 के अंतर्गत वर्ष 2024 तक घर-घर पानी के कनेक्शन देने और पानी की 24 घंटे उपलब्धता बनाए रखने के लिए जल निगम की ओर से जल संसाधन विकसित कराए जाएंगे। योजना के अंतर्गत 12 नगर पालिकाओं और छह नगर पंचायतों में घर-घर जल पहुंचाने के मिशन को साकार बनाया जाएगा। संवाद
जल संसाधन होंगे विकसित
नजीबाबाद। केंद्र सरकार की अमृत-2 जल योजना में पानी की वितरण व्यवस्था के माध्यम से शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों में जल सुरक्षित और पेयजल उपलब्धता की दृष्टि से आत्म निर्भर बनाना है। योजना के अंतर्गत तालाबों के सुंदरीकरण के साथ पानी की उपलब्धता बनाए रखना, जल स्रोतों का संरक्षण करना, कुओं का कायाकल्प करना और पानी संचयन के लिए पानी का चक्रण बनाए रखना है।
सीवर ट्रीटमेंट प्लांट भी होंगे विकसित
नजीबाबाद। योजना में वॉटर हारवेस्टिंग को प्रभावी बनाने के लिए शहरी क्षेत्र में पुराने कुओं में पानी का संरक्षण किए जाने की भी योजना है। सीवर ट्रीटमेंट प्लांट के अंतर्गत नदियों के किनारे पानी को शुद्ध करने के लिए एसटीपी विकसित करने की भी योजना है।