बिजनौर। प्रदेश सरकार ने गन्ना मूल्य में 30 रुपये प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी कर किसानों को बड़ी राहत दी। अब अगेती प्रजाति का गन्ना मूल्य 400 रुपये प्रति क्विंटल और सामान्य प्रजाति का गन्ना मूल्य 390 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया। सरकार द्वारा गन्ना मूल्य बढ़ोतरी पर जिला पंचायत अध्यक्ष चौधरी साकेंद्र प्रताप सिंह ने कैंप कार्यालय पर किसानों को मिठाई खिलाकर खुशी मनाई और प्रदेश सरकार का धन्यवाद किया।
भाकियू लोकशक्ति के जिलाध्यक्ष चौधरी वीरसिंह सहरावत ने कहा कि अगेती प्रजाति गन्ने का भाव 400 क्विंटल घोषित किया है। इसके लिए मुख्यमंत्री का धन्यवाद। लेकिन लागत के सापेक्ष गन्ने का भाव कम से कम 500 रुपये क्विंटल घोषित किया जाना चाहिए था।
राष्ट्रीय किसान यूनियन राष्ट्रीय अध्यक्ष महिपाल तोमर ने कहा कि गन्ना मूल्य में 30 रुपये की वृद्धि कम है। गन्ना सीजन शुरू होने से पहले मूल्य में वृद्धि सरकार का सही कदम है।
राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के जिलाध्यक्ष विनोद कुमार ने कहा कि गन्ना मूल्य में सीजन से पहो बढ़ोतरी करना सही है, लेकिन सरकार को गन्ना फसल में आ रही लागत को देखते हुए भाव में और बढ़ोतरी करनी चाहिए थी।
रालोद के जिलाध्यक्ष नागेंद्र पंवार ने कहा कि सरकार द्वारा 30 रुपये की गन्ना मूल्य में बढ़ोतरी करना किसान हित में है। कहा कि पार्टी सुप्रीमो सांसद जयंत चौधरी किसानों के हित में लगातार 400 रुपये प्रति क्विंटल भाव कराने का प्रयास कर रहे थे।
किसान नेता कैलाश लांबा ने बताया कि 30 गन्ना मूल्य वृद्धि लगातार बढ़ रही उत्पादन लागत के हिसाब से कम है, लेकिन थोड़ी राहत जरूर मिली। दूसरे सीजन से पहले रेट घोषित करना एक अच्छा कदम।
भाकियू टिकैत के जिलाध्यक्ष सुनील प्रधान ने सरकार द्वारा गन्ना मूल्य में 30 रुपये की बढ़ोतरी का स्वागत किया। कहा कि फसल की लागत को देखते हुए किसानों को गन्ना मूल्य 400 पार की उम्मीद थी।
भाकियू ब्लाॅक अध्यक्ष गजेंद्र सिंह टिकैत ने गन्ने के दाम में 30 रुपये की बढ़ोतरी लागत के हिसाब से नाकाफी है। खेती में काम आने वाली खाद व दवाइयों पर पर 20 से 40 प्रतिशत तक बढ़ोतरी हुई। गन्ना मूल्य 500 रुपये होना चाहिए था।
बिजनौर में गन्ना मूल्य में बढ़ाेतरी होने पर एक दूसरे को मिठाई खिलाकर खुशी मनाते भाकियू अराजनै- फोटो : 1
बिजनौर में गन्ना मूल्य में बढ़ाेतरी होने पर एक दूसरे को मिठाई खिलाकर खुशी मनाते भाकियू अराजनै- फोटो : 1