बिजनौर। त्योहारी सीजन में व्यापार भी चमक उठा है। पिछले साल दीपावली के समय जिले में जितना जीएसटी संग्रह हुआ था उससे 40 प्रतिशत अधिक नवरात्रों के समय सरकार को मिल गया है। दीपावली पर भी जीएसटी संग्रह में बंपर इजाफा होने की उम्मीद जताई जा रही है। जीएसटी संग्रह बढ़ने का सीधा मतलब है कि जनता बाजार में आकर खरीदारी कर रही है।
बिजनौर जिला खेती से जुड़ा है। खेती के अलावा जिलेवासी व्यापार से भी जुड़े हैं। वाणिज्य कर विभाग में जिले के 12 हजार व्यापारी पंजीकृत हैं। लोग बाजार में जाकर जितनी ज्यादा खरीदारी करती है, उसी अनुपात में टैक्स जीएसटी के रूप में वाणिज्य कर कार्यालय को मिलता है। केंद्र सरकार द्वारा हर महीने जिलों के अनुसार जीएसटी संग्रह के आंकड़े जारी किए जाते हैं। जिले को मिलने वाला जीएसटी संग्रह मुख्य रूप से चीनी और वाहनों की बिक्री पर निर्भर रहता है। लॉकडाउन के समय जीएसटी संग्रह एकदम गिर गया था लेकिन लॉकडाउन खुलने के बाद जीएसटी संग्रह तेजी से बढ़ रहा है।
इस साल त्योहारी सीजन में उपभोक्ताओं ने खरीदारी में रिकॉर्ड कायम कर दिया है। पिछले साल दीपावली अक्तूबर में थी। पिछले साल जिले को दस करोड़ 66 लाख 90 हजार 644 रुपये का जीएसटी संग्रह मिला था। इस बार अक्तूबर में नवरात्रों में हुई खरीदारी ने पिछले साल की दीपावली को भी पीछे छोड़ दिया है। इस साल विभाग को अक्तूबर में विभाग को 14 करोड़ 54 लाख 93 हजार 527 करोड़ रुपये का जीएसटी मिला है। खासतौर पर नवरात्र में कारों और दोपहिया वाहनों की जबरदस्त बिक्री देखने को मिली है।
महीना 2019-20 2020-21
अप्रैल 15.03 1.07
मई 18.02 5.58
जून 15.09 16.63
जुलाई 19.50 20.07
अगस्त 15.79 25.91
सितंबर 11.52 16.89
अक्तूबर 10.66 14.54
योग 105.64 100.72
नोट:जीएसटी संग्रह के आंकड़े करोड़ रुपये में हैं। आंकड़े वाणिज्य कर विभाग से लिए गए हैं।
वाणिज्य कर विभाग के ज्वॉइंट कमिश्नर कार्यपालक एके सिंह का कहना है कि जीएसटी संग्रह लगातार बढ़ रहा है। जनता घर से निकलकर फिर से खरीदारी कर रही है। नवंबर में दीपावली की वजह से जीएसटी संग्रह और बढ़ने का अनुमान है।