संवाद न्यूज एजेंसी
नजीबाबाद। नगर निवासी कला शिक्षिका कहकशां की आकर्षक चित्रकारी राष्ट्रपति भवन संग्रहालय के लिए चयनित की गई है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने चयनित 15 कलाकारों में कहकशां की कलाकृति की मुक्त कंठ से सराहना की।
विजन विकसित भारत: 2047 विषय पर दिल्ली में राष्ट्र स्तरीय कार्यशाला का आयोजन ललित कला अकादमी और नेशनल गैलरी ऑफ मॉडर्न आर्ट की ओर से पुराने किले पर किया गया। कार्यशाला में देश के करीब छह हजार चित्रकारों के साथ मोहल्ला मुनीरगंज निवासी मो.यामीन खां की पुत्री कहकशां ने भी भाग लिया।
पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय भारत तिब्बत सीमा पुलिस बल देहरादून में कार्यरत कला शिक्षिका कहकशां की चित्रकारी का चयन राष्ट्रपति भवन में आयोजित कला प्रदर्शनी के लिए किया गया। कहकशां की इंद्रधनुषी छटा बिखेरने वाली विकसित भारत 2047 पर आधारित एक विश्वास 2047 कलाकृति ने अवलोकन के दौरान राष्ट्रपति को प्रभावित किया। कलाकृति में भारत को फिर से सोने की चिड़िया बनते देखने की परिकल्पना दर्शाई गई।
15 सर्वश्रेष्ठ महिला चित्रकारों में शामिल कहकशां की कृति का अवलोकन कर राष्ट्रपति ने चित्रकारी और सोच को अद्भुत बताते हुए प्रशंसा की। केंद्रीय विद्यालय देहरादून और नगर का नाम रोशन करने पर कला शिक्षिका कहकशां के परिजनों में खुशी का माहौल है।