जिलाधिकारी उमेश मिश्रा ने अधिकारियों को निर्देश दिए
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। जिलाधिकारी उमेश मिश्रा ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि गांवों के निरीक्षण में पशुगणना रजिस्टर को शतप्रतिशत रूप से जांच लें। यदि किसी पशु स्वामी के पास पंजिका में दर्ज पुशओं की संख्या से कम पशु पाए जाते हैं और उनका निराश्रित छोड़े जाना प्रकाश में आता है, तो उसके विरुद्ध पशु क्रूरता निवारण अधिनियम के अंतर्गत एफआईआर दर्ज कराई जाएं।
बुधवार को कलक्ट्रेट के सभागार में हुई बैठक में डीएम ने कहा कि कोई भी व्यक्ति अपने पशुओं को किसी भी अवस्था में निराश्रित रूप से न छोड़ें। लोग रात्रि में गोशालाओं में अपने पशु छोड़ जाते हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई करें। गोशाला में पशुओं के लिए चारे-भूसा की उपलब्धता का भी मुआयना करें। यदि कोई कमी पाई जाती है तो तत्काल संबंधित अधिशासी अधिकारी नगर निकाय अथवा खंड विकास अधिकारी को अवगत कराना सुनिश्चित करें, ताकि उक्त कमी को दूर किया जा सके। कोई बीमार अवस्था में पाया जाएं तो तत्काल उसके उपचार की समुचित व्यवस्था करना सुनिश्चित करें।
पूर्व सैनिकों को बनाया पुलिस मित्र
बिजनौर। पुलिस अधीक्षक ने पूर्व सैनिकों की पुलिस संबंधी समस्याओं के निस्तारण के लिए पुलिस मित्र नियुक्त किया। उन्हें पहचान पत्र दिए। पूर्व सैनिक केशव सिंह जिलाध्यक्ष को पुलिस स्टेशन बिजनौर शहर, अरविंद कुमार लाम्बा संयोजक तहसील चांदपुर को पुलिस स्टेशन चांदपुर, नरेश कुमार जिला उपाध्यक्ष को थाना हीमपुर दीपा, मनोज कुमार जिला महासचिव को थाना नजीबाबाद, योगेंद्र पाल सिंह सारंक्षक तहसील धामपुर को थाना धामपुर आदि को नियुक्त किया।