दिल्ली में धरने पर डटे जिले के किसान
बिजनौर। जिले के कुछ किसान दिल्ली के अंदर और कुछ बार्डर पर जुटे हैं। किसानों को खाना देने के लिए दिल्ली में रह रहे किसानों के परिवार भी खाना लेकर आ रहे हैं। सोमवार को फिर से किसानों ने बैरीकेडिंग तोड़ने की कोशिश की। भाकियू नेताओं ने जिले के किसानों से सोमवार को गाजीपुर बार्डर की ओर कूच करने के लिए संपर्क किया है। किसानों का कहना है कि केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह किसानों को बुराडी बार्डर पर बुलाना चाहते हैं लेकिन किसान रामलीला मैदान जाएंगे।
राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के बैनर तले किसान शनिवार तड़के ही बुराडी मैदान में पहुंच गए थे। वहां दिनभर किसानों ने धरना दिया। रात को खुद खाना बनाकर खाया। वेस्ट यूपी महामंत्री कैलाश लांबा ने बताया रात को किसान अपने वाहनों पर ही सोए हैं। एक छोटा सा टेंट भी किसानों ने लगा लिया था। जिलाध्यक्ष विनोद कुमार ने कहा किसानों की मांग एकदम सही हैं। किसान की फसल का न्यूनतम मूल्य निर्धारित होने के साथ साथ उसकी फसल बिक्री की गारंटी भी होनी चाहिए। धरने में जिले के 200 से ज्यादा किसान हैं। इनमें अमित कुमार, संजीव कुमार, हरगुलाल सिंह, अतुल कुमार, भोले, गोविंदा, राशिद, सोनी, अजय कुमार, वेदप्रकाश सिंह, भूपेंद्र सिंह, छुन्नू आदि किसान मौजूद हैं।
वहीं भाकियू कार्यकर्ता अब भी यूपी गेट पर मौजूद हैं। भाकियू के युवा प्रदेश अध्यक्ष दिगंबर सिंह ने बताया कि किसानों को आगे नहीं बढ़ने दिया जा रहा है लेकिन किसान पूरी हिम्मत से मैदान में डटे हैं। उन्होंने बताया कि दिल्ली में रह रहे किसान परिवारों के सदस्य किसानों के लिए खाना लेकर पैदल ही यूपी की सीमा में आ रहे हैं। दिगंबर सिंह ने बताया कि रविवार सुबह भी काफी बैरीकेडिंग तोड़े हैं। किसान हर हालत में दिल्ली में घूसकर रहेंगे। बताया कि गृहमंत्री अमित शाह ने किसानों को बुराडी मैदान में बुलाया है। लेकिन किसान बुराडी मैदान के बजाए रामलीला मैदान में वार्ता के लिए बुलाने की बात कह रहे हैं। दिगंबर सिंह का कहना है कि जिले व आसपास के किसानों को गाजीपुर बार्डर की सीमा की ओर आने के लिए कहा जा रहा है। इस दौरान जिलाध्यक्ष कुलदीप सिंह, अतुल कुमार, धर्मेंद्र राठी, सुनील प्रधान, जसराम सिंह, अभय सिंह आदि किसान मौजूद रहे।