स्योहारा। गोरखपुर-शामली एक्सप्रेसवे के निर्माण से प्रभावित किसानों की समस्याओं को लेकर विकासखंड बुढ़नपुर क्षेत्र के भगवानपुर रैनी, निचलपुर, मंझोली, सुल्तानपुर, बगवाड़ा, गैड़ाजुड़ आदि गांवों के किसानों ने बुधवार को बगवाड़ा स्थित मंदिर में संघर्ष समिति की सभा आयोजित की। सभा में एक्सप्रेसवे निर्माण से किसानों के सामने आने वाली समस्याओं पर विस्तार से चर्चा कर उनके समाधान के लिए संघर्ष की रणनीति तैयार की गई।
सभा की अध्यक्षता शेषपाल सिंह विश्नोई ने की, जबकि संचालन प्रेम सिंह चौहान ने किया। किसानों ने कहा कि एक्सप्रेसवे निर्माण के कारण खेतों तक पहुंचने वाले रास्ते प्रभावित हो रहे हैं। ऐसे में किसानों के खेतों तक आवागमन के लिए पर्याप्त अंडरपास और सर्विस रोड का निर्माण कराया जाना जरूरी है। इसके अलावा सिंचाई व्यवस्था प्रभावित होने की स्थिति में किसानों के लिए उचित समाधान निकालने की मांग भी उठाई गई।
किसानों ने कहा कि अधिग्रहित की जा रही जमीन के एवज में उन्हें उचित एवं बढ़ा हुआ मुआवजा मिलना चाहिए। साथ ही किसानों की जमीनों का सर्किल रेट बढ़ाए जाने की मांग भी प्रमुखता से उठाई गई। किसानों ने स्पष्ट किया कि उनकी समस्याओं के समाधान के लिए संघर्ष समिति के दिशा-निर्देशों के अनुसार आगे की रणनीति बनाकर कार्य किया जाएगा।
संघर्ष समिति की ओर से कहा गया कि किसानों के हितों से जुड़े सभी मुद्दों को मजबूती से उठाया जाएगा और समस्याओं के समाधान के लिए लगातार प्रयास जारी रहेंगे। सभा में गन्ना समिति के चेयरमैन सुशील कुमार बंटी, देवराज सिंह चौहान, अनिल विश्नोई, सौरभ विश्नोई, राजपाल सिंह, हरिओम सिंह, सचिन कुमार, सुनील कुमार, राजीव कुमार, दयाराम, महिपाल सिंह आदि किसान मौजूद रहे।