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किसान मोदी से लेंगे धोखे का हिसाब: वीएम सिंह

Wed, 11 Oct 2017 12:33 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला/ बिजनौर
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पत्रकारों से वार्ता करते राष्ट्रीय अध्यक्ष सरदार वीएम सिंह। - फोटो : अमर उजाला
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बिजनौर में अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष सरदार वीएम सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किसानों से फसलों की लागत का डेढ़ गुना मूल्य और सबका ऋण माफ करने का वादा किया था। मगर, मोदी ने वादाखिलाफी की है। अब पूरे देश का किसान एकजुट होकर मोदी से हिसाब मांगेगा।
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किसान मुक्ति यात्रा में शामिल होने आए सरदार वीएम सिंह ने पीडब्ल्यूडी के डाक बंगले में प्रेस वार्ता में कहा कि मध्य प्रदेश के किसानों ने अपना हक मांगा तो उन्हें गोली से भून दिया गया। मायावती, मुलायम, योगी, मोदी कोई भी नेता हो, किसानों के बारे में नहीं सोचता है। सभी किसानों का बैंकों से लेकर साहूकारों तक का शत प्रतिशत कर्ज माफ होना चाहिए। एक बार किसान का पूरा कर्ज माफ हो जाए और फसल का डेढ़ गुना मूल्य मिले तो फिर किसान को कभी कर्ज लेने की जरूरत नहीं होगी। कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सरकारी क्रय केंद्रों पर आलू खरीदने की इतनी शर्त रख दी कि किसान एक किलो आलू भी नहीं बेच पाए। जबकि हर तरह के आलू को चिप्स फैक्ट्री वाले 200 रुपये किलो में पैक कर बेचते हैं। आज चीनी 45 रुपये प्रति किलोग्राम बिकने के बाद भी किसानों को गन्ना भुगतान नहीं दिया गया। अब रंगराजन कमेटी का लालच देकर किसानों को बेवकूफ बनाने की कोशिश की जा रही है। गन्ना मंत्री सुरेश राणा ने पिछले साल विधानसभा में कहा था कि मुलायम सिंह की पार्टी ने 2012 में गन्ना भाव 350 रुपये प्रति क्विंटल करने की बात कही थी, लेकिन अब तक नहीं किया। अब तो सुरेश राणा खुद गन्ना मंत्री हैं। वे क्यों नहीं गन्ने के दाम 350 रुपये प्रति क्विंटल कर देते। उन्होंने कहा कि अब पूरे देश के किसान को एक किया जा रहा है। अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति को देश भर के 180 संगठनों ने समर्थन दिया है। यह यात्रा बिहार से शुरू हुई है और श्रीनगर में खत्म होगी। 20 नवंबर को पूरे देश का किसान दिल्ली में एकजुट होकर अपना हक मांगेगा। एनडीए से अलग हुए महाराष्ट्र की स्वाभिमान पार्टी से सांसद राजू सेठी ने कहा कि जब नरेंद्र मोदी मुख्यमंत्री थे तो उन्होंने किसानों के विकास की बात कही थी। लेकिन उन्हें अब तक पूरा नहीं किया है। इस वजह से उन्होंने एनडीए का साथ छोड़ दिया है। मध्य प्रदेश से पूर्व विधायक डा. सुनील ने कहा कि फसल बीमा के नाम पर पूरे देश में किसानों को लूटा गया है। प्रीमियम लिया गया 28 हजार करोड़ का और मुआवजा दिया केवल आठ हजार करोड़ का।
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आम आदमी पार्टी के पूर्व नेता एवं जय किसान आंदोलन के संस्थापक योगेंद्र यादव ने कहा कि किसानों की कोई नहीं सुन रहा है। दिल्ली में भी किसानों को केवल कागजों पर मुआवजा दिया गया है। इस दौरान अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति के राष्ट्रीय सचिव विकास चौधरी, वेस्ट यूपी महासचिव कैलाश लांबा, विनोद कुमार, प्रशांत सिंह, आत्माराम सिंह, धर्मवीर सिंह, वेद प्रकाश, बिल्लू सिंह, घसीटा सिंह आदि मौजूद रहे। उधर, स्वाहेड़ी में विनोद कुमार उर्फ बिट्टू के फार्म हाउस पर आयोजित सभा में वीएम सिंह ने केंद्र सरकार पर कटाक्ष किया। सभा में राजपाल सिंह, गौरव कुमार, शानू चौधरी, राजपाल सिंह, अंकुर नंदीराम, जयपाल सिंह, जगवीर सिंह और गजराम सिंह मौजूद रहे।
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