ढकौला में समझौते के बाद चबूतरा बनाते ग्रामीण।
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बिजनौर के गांव ढकौला में प्रशासनिक स्तर पर अमन-चैन बरकरार रखने के लिए पहल शुरू कर दी गई है। शनिवार को आला अधिकारियों के साथ नेताओं ने दोनों समुदायों के बीच दूरियों को कम करने के लिए सभी को बैठाकर वार्ता की। गांव में शांति कायम करने के लिए सभी के बीच आपसी सहमति बनी। उधर, गांव ढकौला में प्रशासनिक अधिकारियों और दूसरे समुदाय की मौजूदगी में प्राचीन कुएं पर चबूतरे का निर्माण किया गया। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर गांव में पीएसी और पुलिस बल तैनात कर दिया है। प्रशासन ने कहा कि शरारती तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
गांव ढकौला में पिछले कई दिनों से दो समुदायों के बीच धार्मिक स्थलों को लेकर विवाद चला आ रहा था। दोनों समुदाय के लोगों ने एक-दूसरे पर बिना अनुमति के निर्माण करने की शिकायत पुलिस से की थी। ग्रामीणों के मुताबिक एक समुदाय ने दूसरे समुदाय के लोगों पर डराने धमकाने का आरोप लगाते हुए गांव छोड़ने का फैसला कर लिया था। अपने मकानों पर मकान बिकाऊ तक लिख डाला था।
गांव छोड़ने के एलान पर प्रशासन में हड़कंप मच गया। एसपी उमेश श्रीवास्तव व भाजपा के कई नेता भी गांव पहुंचे। ग्रामीणों से वार्ता कर दोनों समुदायों के बीच समझौता करा दिया गया। समझौते के मुताबिक हिंदू समुदाय के लोगों ने प्राचीन कुएं का भराव करते हुए उसके चबूतरे का निर्माण कराया। इस मौके पर प्रशासनिक अधिकारी एएसपी देहात डॉ धर्मवीर सिंह, सीओ धामपुर अशोक कुमार, एसडीएम धामपुर सतेंद्र कुमार सिंह व मुस्लिम समाज के भी कई लोग मौजूद रहे। गांव में शांति का माहौल है। सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस बल तैनात है।