इधर हिरासत में अफसर, उधर गड्ढे भरने का काम शुरू
इधर विकास भवन में डीएम उमेश मिश्रा ने जैसे ही एनएच के अफसरों को पुलिस हिरासत में लेने का आदेश दिया, एनएच अथॉरिटी से जुड़े अफसरों में हड़कंप मच गया। आनन-फानन में मेरठ पौड़ी नेशनल हाईवे 119 पर बिजनौर से बैराज के बीच गड्ढे भरने का काम भी शुरू कर दिया गया।
एनएच-119 पर कई बार गड्ढे भरे गए, लेकिन गड्ढे भरने के नाम पर खानापूर्ति ही होती रही। एक सप्ताह बाद ही सड़क की हालत पहले से ज्यादा बुरी हो जाती है। 20 फरवरी के अंक में अमर उजाला ने हाईवे में गड्ढों का मुद्दा प्रमुखता से प्रकाशित किया था। तीस मिनट में तय हो रहा आठ किमी का सफर, शीर्षक के साथ खबर प्रकाशित हुआ तो प्रशासन ने भी इसे गंभीरता से लेते हुए सख्ती दिखाई। बता दें कि बिजनौर बैराज मार्ग पर कई कई फीट गहरे गड्ढे हो गए थे। जिनमें फंसकर वाहन खराब ही नहीं हो रहे थे बल्कि पलट भी रहे थे। आए दिन हादसों का खतरा बना हुआ था। साथ ही हाईवे की बदहाली जाम का कारण भी बन रही थी। पिछले सप्ताह ही 24 घंटे तक जाम लगा रहा था।
किसान यूनियन ने दिया दो दिन का अल्टीमेटम
मेरठ-पौड़ी हाईवे के गड्ढे नहीं भरे जाने के मामले में भाकियू भी कूद पड़ी है। भाकियू ने हाईवे की मरम्मत शुरू कराने के लिए दो दिन का अल्टीमेटम दिया है। दो दिन में गड्ढे भरने का काम चालू नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी।
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मंगलवार को भाकियू के मंडल अध्यक्ष दिगंबर सिंह ने डीएम से मुलाकात की। दिगंबर सिंह ने बिजनौर-बैराज रोड में गड्ढे होने का मुद्दा उठाया। उन्होंने दो टूक कहा कि नेशनल हाईवे अथॉरिटी के अधिकारी आंखे मूंदे बैठे हैं। इस सड़क पर कई कई फीट गहरे गड्ढे हो गए हैं। चलना दूभर हो रहा है। आए दिन हादसे हो रहे हैं। दिगम्बर सिंह ने आंदोलन की चेतावनी देते हुए कहा कि दो दिन में मरम्मत शुरू नहीं हुई तो किसान सड़क पर उतर कर आंदोलन करेंगे।