होशराम की मौत की सीबीआई जांच की मांग
बिजनौर। शिवसेना प्रमुख वीर सिंह होशराम की मौत के मामले में डीएम से मिले। उन्होंने कहा कि होशराम की मौत दहशत से नहीं, बल्कि बदमाश की गोली लगने से हुई है। पुलिस ने इस मामले में लीपापोती कर दी। होशराम के गले के पास गोली का निशान साफ दिख रहा था। पुलिस ने इसे किसी चोट का निशान बताकर टरका दिया। कहा कि एक व्यक्ति ने बदमाश को पकड़ने की हिम्मत की, लेकिन पुलिस ने उसकी तारीफ में एक शब्द भी नहीं कहा।
वीर सिंह ने कहा कि होशराम के परिजनों को इंसाफ दिलाने के लिए हर कदम उठाया जाएगा। अगर परिजनों को इंसाफ नहीं मिला तो आंदोलन किया जाएगा। इस पूरी घटना की सीबीआई जांच होनी चाहिए। होशराम के परिजनों को 50 लाख का मुआवजा मिलना चाहिए। साथ ही बदमाश पर होशराम की हत्या का मुकदमा दर्ज होना चाहिए। इस दौरान पतराम सिंह, नैन सिंह, सोमपाल सिंह, बिंदू, टिल्लू, अरविंद, मूलचंद, गोपाल, राजपाल, रामौतार शर्मा आदि मौजूद रहे।