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‘रियासत’ से बाहर निकलते ही ‘राजकुमार’ पर मौत का झपट्टा

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‘रियासत’ से बाहर निकलते ही ‘राजकुमार’ पर मौत का झपट्टा
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रजनीश त्यागी
बिजनौर। गुलदार को राजकुमार और जंगल को उसकी रियासत माना जाता है, लेकिन अब ये राजकुमार अपनी रियासत से बाहर आबादी क्षेत्रों में घूम रहा है। जंगल से बाहर निकलना गुलदार के लिए मौत बनकर रहा है। पिछले चार महीनों में आबादी क्षेत्रों में 10 गुलदार की मौत हो चुकी है। वहीं जब वन विभाग ने जियो सर्वे कराया तो पता चला अधिकांश गुलदार पानी की तलाश में बाहर आए हैं।
यूं तो वन विभाग के पास कोई अधिकारिक आंकड़ा नहीं है, लेकिन जिलेभर के कृषि खेतों में 100 से ज्यादा गुलदार घूम रहे हैं। जिले में कोई ऐसी तहसील नहीं है, जहां गुलदार न देखा जा रहा हो। जंगलों में बढ़ी गुलदार की संख्या जहां किसानों को परेशान कर रही है, वहीं गुलदारों पर कम आफत नहीं है। पिछले चार महीनों पर नजर डालें तो सड़क दुर्घटना में तीन गुलदार, एक गुलदार ट्रेन हादसे में और एक कुएं में गिरकर और दो आपसी संघर्ष में मारे जा चुके हैं। अब तक दस गुलदार की जान आबादी क्षेत्रों में जा चुकी है। (संवाद)
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सड़क दुर्घटना में सबसे ज्यादा गुलदार की जान गई है। हमने जो सर्वे कराया है, उसमें जहां गुलदार नजर आए, वहां या तो खेत थे या फिर पानी था। गुलदार पानी की तलाश में बाहर आ रहे हैं और खेतों में शरण ले रहे हैं। यदि वन्य जीव सड़क पार कर रहे हों तो गाड़ी की रफ्तार धीमी कर उन्हें निकलने दे। यदि गुलदार दिखे तो उसकी सूचना वन विभाग को देनी चाहिए। गुलदार शेड्यूल वन में आता है, इसे नुकसान पहुंचाने पर कार्रवाई की जाएगी।
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- डॉ.अनिल पटेल, डीएफओ बिजनौर
कब-कब हुई गुलदार की मौत
17 फरवरी 2022 को हल्दौर थाना क्षेत्र के गांव गंगौड़ा जट में एक गुलदार घायल अवस्था में मिला। 10 मिनट बाद पिजड़े में उसकी मौत हो गई।
19 फरवरी 2022 को चांदपुर थाना क्षेत्र में तीन वर्ष की मादा गुलदार का शव मिला था। उसके सिर पर चोट का निशान था।
24 फरवरी 2022 को स्योहारा थाना क्षेत्र के गांव दिलदारपुर में एक कुएं में मादा गुलदार का शव मिला था। शरीर पर कोई चोट का निशान नहीं मिला।
22 मार्च 2022 को नूरपुर मुरादाबाद मार्ग पर गांव दौलतपुर के पास सड़क किनारे एक गुलदार का शव मिला। सिर के दाहिने तरफ वाहन से टकराने के निशान हैं।
30 मार्च 2022 को धामपुर क्षेत्र के गांव भगवानवाला के जंगलों में एक मादा गुलदार का शव मिला था। उसके सिर व गर्दन से खून निकल रहा था।
9 अप्रैल 2022 को कोतवाली देहात थाना क्षेत्र के गांव राजोपुर सादात में गेहूं के खेत में एक मादा गुलदार का शव मिला। गर्दन पर दूसरे गुलदार के कांटने के निशान थे।
वाहन से टकराई मादा गुलदार, मौत
18 अप्रैल 2022 को नजीबाबाद-कोतवाली मार्ग पर गांव मखवाड़ा के पास दुर्घटना में एक मादा गुलदार की मौत।
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