बिजनौर में गंगा बैराज के पुल से गुजरते छोटे वाहन।
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बिजनौर में दिल्ली-पौड़ी हाईवे पर स्थित गंगा बैराज के क्षतिग्रस्त पुल की मरम्मत का काम अभी तक शुरू नहीं हो पाया है। स्टीमेट पास नहीं होने के कारण मरम्मत का काम अटका है। स्टीमेट का प्रस्ताव एनएच के अफसरों ने दिल्ली भेज दिया है।
दिल्ली-पौड़ी हाईवे पर स्थित गंगा बैराज के पुल के गेट नंबर 14 के सामने डेढ़ मीटर सड़क शुक्रवार को क्षतिग्रस्त हो गई। इसके बाद पुल पर भारी वाहनों के प्रवेश पर रोक लगा दी गई। एनएच के अफसरों ने डीएम के साथ शनिवार को पुल के क्षतिग्रस्त हिस्से की जांच पड़ताल की। पुल के क्षतिग्रस्त हिस्से को ठीक होने में एक माह का समय लगेगा। एक माह के लिए पुल पर भारी वाहनों के प्रवेश पर पूरी तरह रोक लगा दी है। छोटे वाहन भी धीमी गति से गुजरेंगे। सबको उम्मीद थी कि रविवार से पुल के क्षतिग्रस्त हिस्से की मरम्मत का काम शुरू हो जाएगा पर ऐसा नहीं हुआ। सूत्रों के मुताबिक एनएच के अफसर पुल के क्षतिग्रस्त हिस्से का स्टीमेट पास होने तक पुल की मरम्मत करने में कोई जोखिम लेने को तैयार नहीं है। एनएच मेरठ के अफसरों ने पुल की मरम्मत का स्टीमेट का प्रस्ताव बनाकर मिनिस्ट्री आफ रोड ट्रांसपोर्ट एंड हाईवे दिल्ली को भेज दिया है। स्टीमेट पास होने में एक-दो दिन लगने की उम्मीद है। इसके बाद ही पुल के क्षतिग्रस्त हिस्से की मरम्मत का काम शुरू हो पाएगा। पुल पर बड़े वाहन बंद होने से बड़े वाहनों के स्वामी भारी परेशान है। उन्हें दिल्ली व हरियाणा, पंजाब के लिए अपने वाहन वाया गजरौला व हरिद्वार से होकर आना जाना पड़ रहा है।
रात में इक्का-दुक्का वाहन ही गुजर रहे
गंगा बैराज के पुल पर भारी वाहनों के प्रवेश पर रोक के बाद दिल्ली-पौड़ी हाईवेे पर जाम की जगह सन्नाटा परसने लगा है। रात में छोटे वाहनों से आने वाले लोगों को दूर-दूर तक कोई वाहन दिखाई नहीं दे रहा।