बिजनौर में होता बाईपास का निर्माण। स्रोत विभाग
बिजनौर। मेरठ-पौड़ी नेशनल हाईवे के बिजनौर बाईपास का निर्माण 43 फीसदी हो चुका है। अब तक पांच अंडर पास बनाए जा चुके हैं जबकि तीन का निर्माण भी अंतिम चरण में है। एक साल में बाईपास का निर्माण पूरा होने की उम्मीद है। हालांकि हेमराज कॉलोनी के सामने भी अंडरपास को स्वीकृति मिली तो फिर निर्माण पूरा होने में पूरे दो साल लग जाएंगे।
मेरठ से बहसूमा और बिजनौर से नजीबाबाद तक हाईवे को फोरलेन में तब्दील किया जा चुका है। अब दूसरे चरण में बहसूमा से बिजनौर और बिजनौर में बाईपास का निर्माण चल रहा है। यह बाईपास माउंट लिट्रा स्कूल के पास से शुरू होकर नजीबाबाद रोड पर पेदा गांव के पास निकल रहा है जोकि नौ किलोमीटर लंबा है। बाईपास की सड़क बनाने के लिए मिट्टी डालकर आधार तैयार किया जा रहा है। मिट्टी डालने का काम पचास फीसदी हो चुका है।
इसके साथ ही इस बाईपास में कुल आठ अंडरपास का निर्माण किया जाना था, जिनमें पांच का निर्माण पूरा हो गया है। बाकी तीन अंडर पास पर स्लैब या गार्डर स्तर तक पहुंच गया है।