बिजनौर में एनएचएम में हुए करोड़ों के घोटाले की जांच करने के लिए इलाहाबाद की कैग (कंप्ट्रोलर एंड ऑडिटर जनरल) टीम बिजनौर पहुंच गई हैं। टीम ने एनएचएम के पिछले पांच साल का खाता का रिकार्ड खंगालना शुरू कर दिया है।
बुधवार को एनएचएम में करोड़ों के घोटाले के मामले में इलाहाबाद की आठ सदस्य कैग टीम ने सीएमओ कार्यालय पहुंचकर एनएचएम का पिछले पांच साल का आडिट शुरू कर दिया है। टीम ने पिछले पांच साल के रिकार्ड खंगालने शुरू कर दिए हैं। कैग टीम के कार्यालय पहुंचते की स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है। डीएम जगतराज त्रिपाठी के आदेश के बाद रिपोर्ट दर्ज होने के बाद पुलिस भी मामले की जांच में जुट गई है।
इससे पहले सीएमओ डा.सुखबीर सिंह ने भी बैंक खातों का स्टेटमेंट मंगाया था। इस मामले में चार फर्मों को पूर्व सीएमओ और एसीएमओ के फर्जी हस्ताक्षर से करीब तीन करोड़ दस लाखरुपये का पेमेंट किया गया था। उधर, वित्तविहीन माध्यमिक विद्यालयों के प्रधानाचार्यों की बैठक बिजनौर इंटर कालेज में हुई। डीआईओएस एके दुबे ने अंशकालिक शिक्षकों को मिलने वाले विशेष मानदेय भुगतान की प्रक्रिया की जानकारी दी। जिले के 220 विद्यालयों ने प्रतिभाग किया।