बहन ने छोटे भाई को फोन पर सूचना दी, तब परिजनों को घटना का पता चल सका। ग्रामवासियों के अनुसार कुशल पाल शराब पीने का आदी था। इस बात को लेकर पति-पत्नी में मनमुटाव चलता रहता था। कुछ दिन पूर्व भी पति-पत्नी में विवाद हुआ था, दो दिन पूर्व भी गीता के परिजन कुशलपाल को समझा कर गए थे।
कुशलपाल के दो बच्चे हैं। बड़ी बेटी चार साल की तथा छोटा बेटा एक साल का है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक ग्रामीण राम अर्ज, सीओ नगीना संग्राम सिंह, थाना अध्यक्ष कोतवाली देहात जयवीर सिंह तथा फोरेंसिक टीम के सदस्य मौके पर पहुंचे तथा घटनास्थल का मुआयना किया।
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। ग्रामीणों के मुताबिक कुशल पाल पत्नी के चरित्र पर शक करता था। इस बात को लेकर दोनों ने कई बार झगड़ा भी हुआ। गीता के पिता अतर सिंह ने बताया कि बेटी ने उनसे कहा था कि कुशल पाल उसे जान से मार सकता है।
रात में हुआ था पति-पत्नी के बीच झगड़ा
रविवार रात भी गीता और कुशलपाल के बीच झगड़ा हुआ था। देर रात कुशलपाल ने गीता की गला घोंटकर हत्या कर दी। इसके बाद वह घंटों तक गीता के शव के साथ रहा। घटना की सूचना कुशल पाल ने सुबह पहले अपनी बहन को दी। बाद में पुलिस को सूचित किया। कुशलपाल की बहन ने छोटे भाई सूरज पाल को फोन किया और घटना के बारे में बताया। सूरजपाल के अनुसार जब वह घर पहुंचा तो कुशलपाल फोन पर किसी से बात कर रहा था।