बिजनौर विकास भवन में किसान दिवस पर उपस्थित किसान।
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बिजनौर में किसान दिवस में फीडर ओवरलोडिंग तथा जर्जर बिजली लाइनों के नहीं बदलने से खफा किसानों ने विद्युत निगम के अधिकारियों को जमकर खरी-खोटी सुनाई। भाकियू पदाधिकारियों ने किसान दिवस में अधिकारियों के नहीं आने का मामला जोरशोर से उठाया। बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान नहीं करने पर बिलाई शुगर मिल पर शिकंजा कसने की मांग की गई।
किसान दिवस में बिजली के मामलों को लेकर किसानों में काफी गुस्सा था। आरोप लगाए कि जगह-जगह फीडर ओवरलोडिंग चल रहे हैं। विद्युत लाइन जर्जर हैं। आए दिन तार टूटने से दुघर्टनाएं हो रही हैं। किसानों की शिकायत सुनने के लिए बिजलीघरों पर अधिकारी नहीं मिलते हैं। यदि कोई किसान अपनी शिकायत को लेकर जोर पकड़ता है तो उस पर एनएसए लगाने की धमकी दी जाती है। हल्दौर, मंडावार, नजीबाबाद, नगीना बिजलीघर तथा उनसे जुड़े सब स्टेशनों के फीडर ओवरलोड चल रहे हैं। लाइनों की पेट्रोलियम नहीं हो रही है। इन मामलों को लेकर काफी देर तक हंगामा होता रहा। सीडीओ इंद्रमणि त्रिपाठी ने इस मामले की गंभीरता को देखते हुए किसानों को भरोसा दिया कि उनकी शिकायतों पर कार्रवाई होगी।
विद्युत निगम के अधिकरियों को शिकायतों पर अमल करने के निर्देश दिए। बिलाई शुगर मिल द्वारा गन्ना मूल्य का भुगतान नहीं किए जाने का मामला जिला उपाध्यक्ष सुनील प्रधान ने प्रमुखता से उठाया। इस पर डीसीओ ओपी सिंह ने बताया कि 230 रुपये प्रति क्विंटल की दर से किसानों का सात करोड़ 71 लाख बकाया है। अगले तीन दिन में अपडेट पेमेंट कराने के प्रयास हैं। इसके बाद मिल 50 रुपये प्रति क्विंटल बकाया का भुगतान शुरू करेगा।
जिला उपाध्यक्ष ने इस भुगतान को एकमुश्त कराने की मांग की। किसानों ने बैंकों द्वारा गन्ने का पैसा रोकने का आरोप लगाया। इस पर सीडीओ ने इसे आपराधिक कृत्य बताते हुए मौजूद जिला लीड बैंक अधिकारी को इस बारे में हिदायत दी। बैठक में बैंक, फसल बीमा, सड़क निर्माण के मामले भी रखे गए। जिला अध्यक्ष रामऔतार सिंह, विजयपाल सिंह, महासचिव दिगंबर सिंह, होशियार सिंह, देवेंद्र आर्य, मौजूद रहे।