बदहाल मार्गों की नहीं बदली सूरत
धामपुर। भाकियू कार्यकर्ताओं का कहना है कि बार-बार शिकायत करने के बाद भी प्रशासन की ओर से बदहाल सड़कों की मरम्मत नहीं की जा रही है। गन्ने का सीजन चालू होने से 20 दिन और बाकी है। धामपुर चीनी मिल ने 21 अक्तूबर से पेराई सत्र को चालू करने की घोषणा कर दी है। यदि सड़कों की मरम्मत नहीं हुई तो किसानों के सामने मिलों को गन्ने की आपूर्ति करने में भारी दिक्कत आएगी।
गांव पीपलसाना निवासी नरदेव सिंह का कहना है कि हाईवे 74 पर गुलमोहर के सामने मार्ग की हालत बदहाल है। एसडीएम से कई बार मरम्मत की मांग की, लेकिन सुनवाई न होने से किसानों में असंतोष है।
गांव जैतरा निवासी हिरदेश कुमार का कहना है कि उनके गांव से अमखेड़ा, परमावाला मार्ग की लंबाई करीब चार किमी है, पर मार्ग की स्थिति बद से बदतर है। यह मार्ग लोनिवि की ओर से बना है। लोनिवि के अधिकारी मरम्मत कराने में रुचि नहीं ले रहे हैं।
गांव ढक्का से मीमला, गैस गोदाम से बमनौली जमालपुर मार्ग भी बदहाल है। जनप्रतिनिधि भी सुनवाई नहीं कर रहे हैं। सुशील कुमार का कहना है कि प्रशासन की ओर से हाईवे 74 पर थेकली रखी जा रही है, जो भारी वाहनों के आवागमन से आठ दस दिन में ही उखड़ गई। किसानों की सरकार और अधिकारियों की ओर से अनदेखी जा रही है।
भाकियू भानु गुट के ब्लॉक अध्यक्ष हरिराज सिंह, दुष्यंत कुमार राणा का कहना है कि वह कई बार पंचायत में भी बदहाल सड़कों को ठीक कराने की मांग कर चुके हैं, पर सरकार का कोई नुमाइंदा सुनवाई नहीं कर रहा है। विधायक अशोक राणा का कहना है कि बदहाल मार्ग की मरम्म्त कराने को वह कई बार डीएम और विभाग के अधिकारियों को अवगत करा चुके हैं। एसडीएम धीरेंद्र सिंह का कहना है कि मरम्मत का काम तेजी से चल रहा है। उम्मीद है कि सीजन के चालू होने से पहले तैयार हो जाएगा।