संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। बाइक सवार रविंद्र, उसकी पत्नी शीतल और बेटी आयुषी की सड़क हादसे में जान चली गई। दंपती की बेटी इकलौती संतान थी। पति और पत्नी के बीच काफी दिनों से अनबन चल रही थी, अब बेटी बीमार हुई तो दोनों में सुलह हो गई, मगर जिंदगी ने साथ छोड़ दिया।
19 दिसंबर को रविंद्र का अपनी पत्नी शीतल से झगड़ा हो गया था। झगड़ा भी ऐसा हुआ कि शीतल ने पुलिस बुला ली। पुलिस ने रविंद्र को गिरफ्तार कर लिया और शांतिभंग में चालान कर दिया था। जमानत मिलने के बाद रविंद्र घर पहुंचा और कई दिनों तक दोनों के बीच अनबन बनी रही।
बेटी आयुषी बीमार पड़ी तो लाडो की खातिर दोनों में सुलह हो गई। अनबन भुलाकर रविंद्र अपनी पत्नी और बेटी को संग लेकर दवाई लेने के लिए बिजनौर जा रहा था। रास्ते में हादसे में पति पत्नी और बेटी की जान चली गई।
रविंद्र मेहनत मजदूरी करके अपने परिवार का भरण पोषण कर रहा था। रविंद्र के माता-पिता की काफी समय पहले मौत हो चुकी है। उसका बड़ा भाई कामेंद्र अपने परिवार के साथ अलग रहता है। अब रविंद्र और उसकी पत्नी, इकलौती बेटी आयुषी की सड़क हादसे में जान चली गई। पति पत्नी और बेटी की एक साथ मौत होने से परिवार ही नहीं बल्कि गांव में भी मातम छाया हुआ है।