जलालाबाद/भागूवाला। उत्तराखंड से खनन सामग्री लेकर आने वाले ट्रकों के बॉर्डर पर पहिये थमने से हरिद्वार हाइवे पर जाम की स्थिति पैदा हो गई है। आरोप है कि जाम खुलवाने के लिए पुलिस ने ट्रक चालकों को पीटते हुए उनसे कागजात जब्त कर लिए। ट्रांसपोर्टरों व चालकों ने डीएम को ज्ञापन देकर न्याय की गुहार लगाई।
उत्तराखंड से प्रतिदिन 300 से 400 खनन वाहन बोल्डर, रेत-बजरी आदि लेकर यूपी, मंडावली की कोटावाली पुलिस पिकेट से होकर सीमा में प्रवेश करते हैं। जिला प्रशासन ने उत्तराखंड से आने वाले वाहनों को विभिन्न कारणों के चलते यूपी की सीमा में प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया था, जिससे सोमवार को उत्तराखंड के श्यामपुर थाना क्षेत्र में बड़ी संख्या में खनन वाहनों के पहिये थम गए। जाम की स्थिति बनते देख उत्तराखंड पुलिस ने मारपीट करते हुए खनन वाहनों को खदेड़ा। आरोप है कि कोटावाली पहुंचने पर मंडावली पुलिस ने सीमा में प्रवेश रोकते हुए कई खनन वाहन चालकों के साथ जमकर मारपीट की तथा उनसे उत्तराखंड से जारी टीएफ तथा रवन्ना कागजात जब्त कर लिए। जिससे देर रात असमंजस की स्थिति बनी रही।
ट्रांसपोर्टरों फुरकान, महबूब, ताहिर, शाहिद, नाजिर, इकबाल, यासीन, नसीम, इरफान, इश्तियाक, लईक अहमद, इम्तियाज अली, गुलाम अब्बास आदि ने डीएम को ज्ञापन देकर मंडावली पुलिस द्वारा मारपीट करने की जांच कराने तथा उत्तराखंड से नियमानुसार समस्त कागजातों के साथ आने वाले खनन वाहनों को सीमा में प्रवेश करने जैसे अनावश्यक उत्पीड़न रोकने की मांग की। सीमा प्रवेश को लेकर उठे विवाद के बाद क्षेत्र के ट्रांसपोर्टरों ने खनन सामग्री लेने के लिए मंगलवार को ट्रक उत्तराखंड नहीं भेजे।