मंडावली। हजरत इमाम हुसैन की शहादत नम आंखों से याद करते हुए मंडावली के नया गांव में जुलूस-ए-जुलजना और अलम बरामद किया।
शिया समाज ने मुहर्रम की पांचवीं तारीख पर गांव मिर्जापुर सैद उर्फ नया गांव में मातमी जुलूस बरामद किए। जुलूस से पूर्व शकील जाफरी के आवास पर हुई मजलिस में हरिद्वार से पहुंचे मौलाना जीशान हैदर ने इस्लाम और दीन की हिफाजत के लिए हजरत इमाम हुसैन और उनके साथियों की कुर्बानियों का जिक्र किया। उन्होंने हजरत इमाम हुसैन की कुर्बानियों से सबक लेने की सलाह दी।
मजलिस के बाद जुलूस-ए-जुलजना और अलम बरामद किया। परंपरागत रास्तों से जुलूस ने गश्त की। अंजुमन सिपाही अब्बासिया हुसैनपुर, अंजुमन सज्जादी जालपुर, अंजुमन अब्बासिया मुंडा खेड़ा समेत कई अंजुमन ने जुलूस में शिरकत कर नोहा ख्वानी और मरसिया ख्वानी पेश की। इसमें गुफरान जमील, हमीद हुसैनपुरी, मौलाना अफजाल हुसैन, हाजी अनवार हुसैन, जामिन अब्बास, छोटे शाह, गमख्वार हुसैन, मुन्ने खां, शमशाद हुसैन, जफर अली, सईद अब्बास आदि ने शिरकत की।