कस्बा झालू में डेंगू का कहर रुक नहीं रहा है। आठ और नए रोगी मिलने से कस्बे में हड़कंप मचा हुआ है। उधर, एक दिन कैंप लगाने के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम ने फिर झालू की ओर मुड़कर नहीं देखा है। नगर पंचायत की ओर से कीटनाशक दवाईयों का छिड़काव भी नहीं कराया जा रहा है।
कस्बा झालू के मोहल्ला जोशियान निवासी बॉबी की पुत्री आकांक्षा, लोकेंद्र के बेटे अंकित, राजनारायण की पत्नी जयवती, अनिल की पत्नी माया को डेंगू होने पर देहरादून के जॉलीग्रांट में भर्ती कराया गया है। मोहल्ला मिर्दगान निवासी रमेश चंद्र की पत्नी जयश्री वर्मा, मोहल्ला चौधरियान निवासी दिनेश कुमार को भी डेंगू की पुष्टि हुई है। जयश्री वर्मा को आनंद हॉस्पिटल मेरठ में भर्ती कराया गया है। मोहल्ला मौलवियान निवासी महराज अनवर के पुत्र फरहान, नसीम अहमद, नगर पंचायत के सभासद लियाकत अली को भी डेंगू हो गया है। इन्हें दिल्ली में भर्ती कराया गया है। इनके अलावा जामा मस्जिद के इमाम मौलाना जाहिद, मोहल्ला सादात निवासी सद्दू के पुत्र कैफ, रियासत की पुत्री सानिया, डा. शुजाउद्दीन, मोहल्ला जोशियान निवासी रतनपाल का पुत्र मोनू, मनोज की पुत्री नंदिनी एवं बेटे हर्ष, मुरारी के पुत्र नितिन, राजू के पुत्र वंश, हरिओम के पुत्र हिमांशु, सुनील की पुत्री एकता भी बुखार से पीड़ित हैं। इन मरीजों को बिजनौर के निजी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।
डेंगू से पीड़ितों के परिजनों के मुताबिक उनके पास चिकित्सकों की डेंगू होने की रिपोर्ट है। बावजूद इसके स्वास्थ्य विभाग की टीम ने फिर से आंखें मूंद ली हैं। एक दिन शिविर लगाने के बाद विभाग की टीम दोबारा बुखार से पीड़ितों की सुध लेने नहीं आई है। नगर पंचायत ने भी कीटनाशक दवाईयों का छिड़काव नहीं करा रही है। इसे लेकर लोगों में भारी आक्रोश है।
सीएमओ डा. राकेश मित्तल के मुताबिक झालू में फैली बीमारी की गहराई से जांच कराने के लिए वे जिला मुख्यालय से एक टीम भेज रहे हैं।