धामपुर में रोडवेज डिपो पर मजदूरों को भोजन देते समाजसेवी।
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मध्यप्रदेश के 60 मजदूर धामपुर में क्वारंटीन
धमपुर। मध्यप्रदेश के सिंगरोली जिले के गांव सैरई के करीब 60 लोगों को परिवार के साथ प्रशासन ने विनायक मंडप में क्वारंटीन किया है। ये मजदूर नजीबाबाद से पैदल चल धामपुर रोडवेज बस डिपो पर पहुंचे थे और मध्य प्रदेश की बस का इंतजार कर रहे थे। भूख प्यास से बिलख रहे लोगों को धामपुर के समाजसेवियों ने भोजन कराया।
एमपी के कबीरदाय, प्रतापीलाल, लाले, रामकुमार ने बताया कि वह नवरात्रों के मौके पर किसानों के यहां पर नौकरी करने को नजीबाबाद के लालबाग, भागूवाला आदि गांवों में पहुंचे थे। वह सभी एक ही गांव के हैं। उनके ग्रुप में महिला, बच्चों को मिलाकर कुल 58 सदस्य हैं। जैसे ही वह काम करने नजीबाबाद पहुंचे तो लॉकडाउन हो गया। प्रशासन ने उन्हें रविवार तक खाने के पैकेट दिए। बाद में कह दिया कि अब वह यहां से पैदल धामपुर जा सकते है। धामपुर से उन्हें रोडवेज की बसें मिलेंगी। यहां रोडवेज के अधिकारियों से बस भिजवाने से इंकार कर दिया। उन्होंने मंगलवार को दो दिन के बाद खाना खाया है। समाजसेवी योगेश रस्तोगी, वीरेंद्र रस्तोगी, लोकेशपाल, लोकेश रस्तोगी ने बताया कि उन्हें मजदूरों के भूखे होने का पता लगा तो डिपो पर ले जाकर खाना खिलवाया। अधिकारियों के आदेश पर तहसीलदार ने सभी का परीक्षण करा उन्हें विनायक मंडप में क्वारंटीन कराया।
धामपुर में रोडवेज बस डिपो के बाहर डेरा जमाए मध्यप्रदेश के कामगार।- फोटो : DHAMPUR