हरियाणा के जींद में फंसे जिले के 25 मजदूर
धामपुर। हरियाणा में लॉकडाउन में चलते फंसे बिजनौर के 25 मजदूरों ने फोन कर व्यथा सुनाई। कहा कि यहां कोई सुनवाई नहीं हो रही है। उनको खाने को ठीक से रोटी भी नहीं मिल रही है। उन्हें जिला जींद के अनूपगढ़ गांव में स्थित एक टायर फैैक्ट्री में रोक रखा है। शुक्रवार को नगीना क्षेत्र के सांसद का उनके पास फोन आया। उन्होंने हालचाल जाना तो उन्हें तसल्ली मिली। कामगार मजदूरों ने यूपी सरकार से जल्द ही उन्हें वहां से वापसी कराने की मांग की है।
धामपुर थाने के सरकथलसानी का बंटी, गांव चाकरपुर निवासी प्रताप सिंह, गौतम सिंह, बबलू सिंह, स्योहारा के ब्रजपाल सिंह, भनेड़ा के अंकित, नगीना का नितिन कुमार, नसीरपुर के दीवान सिंह, वासेवाला निवासी सुमित कुमार, मलकपुर के अनिल कुमार, दल्लीवाला निवासी गोपाल सिंह, गोहावर के केशव सिंह ने हरियाणा से फोन पर वार्ता में बताया कि उनकी हालत खराब है। दो दिन में उन्होंने शुक्रवार को खाना खाया। हरियाणा सरकार उनकी सुन नहीं रही है। वह तीन दिन पहले यूपी आने के लिए साइकिल से सवार होकर निकल गए थे। लेकिन यूपी बार्डर पर पहुंचते ही हरियाणा पुलिस ने उन्हें रोक लिया और वाहनों में भरकर पानीपत ले गई। अब वह जिला जींद के अनूपगढ़ में स्थित एक टायर फैक्ट्री में रुके हैं। कामगारों ने बताया कि शुक्रवार को उनके पास नगीना लोक सभा क्षेत्र के सांसद गिरीशचंद्र का फोन भी आया था। सांसद ने उनका हालचाल जाना। उन्होंने सांसद से केवल एक ही बात कही कि कुछ भी हो, उन्हें यहां से निकलवाओ।
सीएम से संपर्क कर लाए जाएंगे मजदूर : सांसद
धामपुर। नगीना लोक सभा क्षेत्र के बसपा सांसद गिरीशचंद्र कहना है कि उनके स्तर से प्रयास शुरू हो गए हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से संपर्क करने का प्रयास किया जा रहा है। डीएम को भी इस बाबत पत्र भेजा गया है। सांसद का कहना है कि बिजनौर जिले के अभी गैर प्रदेशों में बड़ी संख्या में लोग फंसे हैं। जिन्हें बुलाने का हरसंभव प्रयास होगा। सांसद ने बताया कि उनकी हरियाणा में फंसे मजदूरों से फोन पर वार्ता भी हुई। उन्होंने उन्हें हर संभव मदद का आश्वासन दिया है।