शिक्षामित्रों ने फूंके गठबंधन नेताओं के पुतले
बिजनौर। आदर्श समायोजित शिक्षक वेलफेयर एसोसिएशन ने गठबंधन दलों के जन प्रतिनिधियों का पुतला फूंका। जिलाध्यक्षों का पुतला फूंके बिना ही उनके कार्यालय के बाहर रख आए।
टाउन हॉल में हुई बैठक में वक्ताओं ने कहा कि संगठन के कानूनी सलाहकार आनंद जंघाला को कुछ लोगों द्वारा झूठे मुकदमे में फंसाया जा रहा है। जबकि सच्चाई यह है कि अधिवक्ता बलवंत सिंह व उनके बेटे राहुल काकरान ने अपने साथियों के साथ आकर अकारण आनंद जंघाला से मारपीट की तथा पिस्टल व तमंचों से फायरिंग करके दहशत पैदा की। एक गोली घुटने में लगने से आनंद जंघाला घायल भी हुए। इस प्रकरण में भाजपा के कुछ नेता आरोपियों का साथ दे रहे हैं। इसके बाद शिक्षामित्र सपा कार्यालय के सामने पहुंचे तथा सपा विधायक तसलीम अहमद, नईमुल हसन व मनोज पारस, पूर्व मंत्री मूलचंद चौहान व स्वामी ओमवेश, पूर्व सांसद यशवीर सिंह का पुतला फूंका। वक्ताओं ने कहा कि अगर जिले के जनप्रतिनिधियों ने शिक्षामित्रों के कानूनी सलाहकार आनंद जंघाला को झूठे मुकदमे में फंसाने की कोशिश की तो सभी जिला मुख्यालयों पर पार्टियों के राष्ट्रीय अध्यक्ष का पुतला फूंका जाएगा। प्रदीप धीमान, दुष्यंत कुमार, जितेंद्र कुमार, मनोज राठी, मनोज कुमार, अवधेश कुमार, अजीम अहमद, जावेद, अरविंद कुमार, पल्लवी, अंजू सैनी आदि मौजूद रहे।
ठेके की राशि बढ़ाकर दिया प्रस्ताव
बिजनौर। टाउन हॉल में बुधवार को प्रदर्शनी के ठेके की नीलामी हुई थी। सबसे अधिक बोली नौशाद ने एक करोड़ 38 लाख रुपये लगाई। उसके नाम ठेका छूट गया। बृहस्पतिवार को खलीक नामक एक व्यक्ति ने पालिका कार्यालय में प्रार्थना पत्र देकर ठेका एक करोड़ 41 लाख रुपये में लेने की बात कही है। चेयरपर्सन पति शमशाद अहमद का कहना है कि ठेका नियमानुसार दिया गया है। खलीक प्रदर्शनी के लिए आयोजित सभी नीलामी में मौजूद था। उस समय ही उसे बोली बढ़ानी चाहिए थी।