बिजनौर। अंग्रेजी व देशी शराब की दुकान चलाने वालों को अब खाद्य विभाग में अपना पंजीकरण करना होगा व लाइसेंस बनवाना होगा। ऐसा नहीं करने पर इनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। वहीं शासन ने छह सरकारी विभागों को खाद्य विभाग में अपना पंजीकरण कराने के निर्देश दिए हैं।
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग में किन-किन सरकारी विभागों को अपना पंजीकरण व लाइसेंस बनवाना चाहिए, इसके लिए सरकारी विभाग अभी जागरूक नहीं है। करीब आधा दर्जन विभाग ऐसे हैं जिनको खाद्य विभाग में अपना पंजीकरण व लाइसेंस बनवाना होगा। इसके लिए 31 जुलाई 2017 को शासनादेश भी जारी किया गया है। शासनादेश में सप्लाई विभाग (राशन डीलर), दुग्ध विकास विभाग (दुध डेयरी), आबकारी विभाग (देशी व अंग्रेजी शराब की दुकान), आईसीडीएस (मध्याह्न भोजन परियोजना), मंडी परिषद, उद्यान व खाद्य प्रसंस्करण विभाग (कोल्ड स्टोरेज) को भी अपना पंजीकरण व लाइसेंस बनवाना होगा। जो एक साल में 12 लाख का कारोबार करेगा उसको पंजीकरण व 12 लाख से अधिक का कारोबार करने पर लाइसेंस बनवाना होगा। अभिहित अधिकारी विनोद कुमार सिंह ने बताया कि 31 जुलाई को जारी शासनादेश के अनुसार आधा दर्जन विभागों को खाद्य विभाग में अपना पंजीकरण व लाइसेंस बनवाना होगा। ऐसा नही करने पर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।