अमरोहा। प्रधानमंत्री आवास योजना में मकान दिलाने के नाम पर लोगों से जमकर वसूली की जा रही है। डूडा के कर्मचारियों की मिलीभगत से दलाल चयनित पात्रों के घर जाकर वसूली कर रहे हैं। पीएम आवास योजना के तहत शहर में नगर पालिका के कर्मचारियों द्वारा किए जा रहे सर्वे में इसका खुलासा हुआ है।
केंद्र सरकार की ड्रीम प्रोजेक्ट वाली प्रधानमंत्री आवास योजना में गरीबों को छत मुहैया कराने के लिए ढाई लाख रुपये तक की आर्थिक मदद दिलाने की योजना है। योजना के तहत जिन लोगों के कच्चे मकान हैं उन्हें मकान बनाने के लिए सरकार मदद दे रही है। लेकिन योजना में अपात्रों को आवास दिलाने से लेकर वसूली का खेल लगातार चल रहा है। अकेले शहर के मोहल्ला अहमद नगर दलित बस्ती में ही दर्जनभर केस ऐसे हैं जिनमें अपात्रों को आवास योजना का लाभ मिल चुका है। तो कई गरीब ऐसे भी हैं जिनसे योजना का लाभ दिलाने के नाम पर वसूली की गई है।
शहर में योजना के लिए पात्र लोगों का नगर पालिका के कर्मचारी सर्वे कर रहे हैं। इसमें सामने आया है कि जो लोग पहले से योजना में चयनित हैं ऐसे 80 फीसदी लोगों से दलालों के माध्यम से मोटी वसूली की गई है। मोहल्ला अहमद नगर की रहने वाली रामवती पत्नी महेश, चंद्रवती पत्नी गोकल, रामेश्वरी पत्नी प्रकाश, बृजरानी पत्नी जीवाराम और चंद्रवती पत्नी भगवानदास से दलालों ने वसूली की है।
इस तरह चलता है वसूली का खेल
अमरोहा। प्रधानमंत्री आवास योजना में जिन पात्र लोगों के नाम हैं, इसकी जानकारी डूडा के कर्मचारियों को होती है। इसका फायदा उठाकर कर्मचारी दलालों को लाभार्थियों के घर भेजते हैं। इसके बाद दलाल योजना में पहले से चयनित लाभार्थियों को योजना का लाभ दिलाने के नाम पर आसानी से पांच से 50 हजार तक की वसूली कर रहे हैं। लाभार्थियों के खाते में योजना का धन आने से पहले ही दलाल उनकी बैंक पास बुक अपने पास जमा करा लेते हैं। ताकि धन आने के बाद लाभार्थी आंखें न दिखा सकें।
कार्रवाई करेंगे
अमरोहा। परियोजना अधिकारी ने कहा कि पीएम आवास योजना में अवैध वसूली की आज तक कोई शिकायत नहीं मिली है। लिखित में शिकायत मिलेगी तो जांच कराकर कार्रवाई करेंगे। जो भी जिम्मेदारी होगा बख्शा नहीं जाएगा।