धामपुर। किसानों की मांग के बावजूद गन्ना विभाग निदेशालय लखनऊ के अधिकारियों की हठधर्मिता के कारण धामपुर गन्ना समिति की जमीन में किसान भवन का निर्माण नहीं हो सका है। किसानों ने जल्द निर्माण करने की मांग की है।
किसान हरनाम सिंह, डा. जसवंत सिंह, धर्मपाल, नरेंद्र कुुमार, महीपाल सिंह, रामकुमार जाट, रघुवीर सिंह ने बताया कि भाकियू और उत्तर प्रदेशीय किसान समिति वर्ष 2010 से धामपुर में गन्ना समिति की खाली पड़ी जमीन में किसान भवन का निर्माण करने की मांग करती आ रही है। इस किसान भवन के निर्माण के लिए सपा सरकार में 50.80 लाख मंजूर हो गए थे, पर गन्ना विभाग उत्तर प्रदेश निदेशालय के अधिकारियों की ओर से आपत्ति लगा कर भेजी गई कि समिति यह बताए कि यह किसान भवन किस जमीन में बनेगा। आपत्ति का निदान करने में करीब छह माह से ज्यादा का समय बीत चुका। रिवाइज इस्टीमेट तैयार कर भेजा तो यह इस्टीमेट पहले तैयार इस्टीमेट से करीब चार लाख ज्यादा हो गया। दोबारा इस्टीमेट तैयार कर भेजना होगा। ऐसे में गन्ना समिति के अधिकारियों और बोर्ड ने इसे निदेशालय की मनमानी बता अपने हथियार डाल दिए, जिसके कारण अभी तक गन्ना समिति की ओर से किसान भवन का निर्माण कराने को भेजा गया प्रस्ताव फाइलों में दबकर रह गया है। किसान गन्ना विभाग निदेशालय उत्तर प्रदेश के अधिकारियों की कार्यशैली से नाराज हैं। किसानों ने प्रदेश के सीएम से जल्द फाइलों में दबे प्रस्ताव के निकलाकर किसान भवन का निर्माण कराने की मांग की है। गन्ना समिति के सचिव महीपाल सिंह ने पुष्टि करते हुए इस मामले में ज्यादा टिप्पणी करने से इंकार कर दिया है।