जीआरपी की उदासीनता से यात्रियों को असुविधा
नजीबाबाद। रेलवे स्टेशन परिसर में जीआरपी थाने के पास अवैध रूप से वाहनों के खड़े होने से यात्रियों को असुविधा का सामना करना पड़ता है। कार, ई-रिक्शा, बाइक तथा अवैध रूप से खड़े होने वाले ठेले मंडलीय अधिकारियों के दौरे के समय हटा दिए जाते हैं।
उत्तराखंड सीमा पर स्थित नजीबाबाद रेलवे जंक्शन लक्सर-मुरादाबाद के बीच का महत्वपूर्ण जंक्शन है। नजीबाबाद जंक्शन से दर्जनों एक्सप्रेस, सुपरफास्ट और पैसेंजर ट्रेनें गुजरतीं हैं। प्लेटफार्म एक पर स्टेशन के मुख्यद्वार पर बना पार्सल घर और मुख्यद्वार के बाहर रेलवे परिसर में जीआरपी की उदासीनता से वाहनों का जमघट यात्रियों के लिए सिरदर्द बनता जा रहा है। जीआरपी थाने द्वारा पकड़े जाने वाले दुपहिया वाहन आरक्षण बुकिंग और टिकट विंडो के निकट खड़े धूल फांक रहे हैं।
जीआरपी थाने के निकट रेलवे परिसर में कॉलोनी दिशा की ओर निकासी द्वार के निकट अवैध रूप से चौपहिया वाहन खड़े रहते हैं। यात्रियों के आवागमन के रास्ते में जीआरपी के संरक्षण में अवैध रूप से दुपहिया वाहनों का स्टैंड चलता है। स्टैंड पर बड़ी संख्या में दुपहिया वाहन खड़े होने तथा दुपहिया वाहनों के बीच दिन भर ई-रिक्शाएं खड़ी होने से यात्रियों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ता है। यात्रियों द्वारा शिकायत के बावजूद रेल प्रशासन अवैध रूप से वाहनों, ठेलों आदि के परिसर में खड़े होने पर अंकुश नहीं लगा रहा है। एसएस अरविंद कुमार ने कहा कि रेलवे परिसर में खड़े होने वाले ठेलों को उन्होंने परिसर से बाहर करा दिया है। वाहनों के अनाधिकृत रूप से खड़े होने के संबंध में एसएस ने जीआरपी से वार्ता कर व्यवस्था दुरुस्त कराने की बात कही।