शिया धर्मगुरू कल्बे जव्वाद नकवी बोले - बोर्ड ने नहीं, अकेले सईद वसीम रिजवी ने दायर किया हलफनामा
अमर उजाला ब्यूरो
अमरोहा।
शिया धर्मगुरू कल्बे जव्वाद नकवी ने अयोध्या में विवादित भूमि पर शिया वक्फ बोर्ड द्वारा सुप्रीम कोर्ट में दायर किए हलफनामे को ड्रामा बताया। कहा कि शिया वक्फ बोर्ड केे चेयरमैन पूरी तरह से घोटालों में लिप्त हैं। सीबीआई से बचने के लिए यह सब किया है। चेयरमैन वक्फ बोर्ड हिफाजत करने के लिए होता है, ना कि जमीन बेचने के लिए। इसलिए उन्हें मस्जिद की जमीन किसी को देने का अधिकार ही नहीं हैं। मंदिर और मस्जिद विवाद बैठकर नहीं सुलझाया जा सकता है। इसलिए सुप्रीम कोर्ट को ही निर्णय लेने ही जरूरत है।
बृहस्पतिवार को शहर के मोहल्ला बगला निवासी जिला अल्पसंख्यक कांग्रेस कमेटी के जिलाध्यक्ष बाकर रजा नकवी के आवास पर पत्रकारों से वार्ता करते हुए शिया धर्मगुरू ने कहा कि शिया वक्फ बोर्ड के चेयरमैन सईद वसीम रिजवी ने सपा सरकार में अरबों रुपये के घोटाले किए हैं। चेयरमैन के खिलाफ सीबीआई जांच कराने की आवाज उठाई तो अखिलेश सरकार ने लोगों पर लाठियां बरसाई थीं। जिसमें एक मौलाना की मौत हुई जबकि कई लोगों के गंभीर चोटें आईं। लेकिन चेयरमैन के खिलाफ सीएम योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने सीबीआई जांच कराने का भरोसा दिलाया है। सीबीआई जांच शुरू होने के डर से चेयरमैन ने शिया वक्फ बोर्ड की ओर से सुप्रीम कोर्ट में अयोध्या की विवादित जमीन पर राम मंदिर बनाने का हलफनामा दायर कर दिया है। चेयरमैन वक्फ बोर्ड हिफाजत के लिए होते हैं। वह किसी को कुछ दे नहीं सकते। वहीं उन्होने शिया और सुन्नी वक्फ बोर्ड में हुए घोटालों की जांच कराने की मांग की है। धर्मगुरू कल्बे जव्वाद ने सीबीआई जांच होने पर घोटालों से संबंधित सुबूत पेश करनेेेे का दावा किया। इस दौरान मौलाना हदीब हैदर, जमशेद कमाल, आसी आब्दी, इमदाद हैदर,अफजाल अहमद, जावेद हैदर, नईम रजा, सज्जाद महेंदी, कासिफ रजा, हुसैन हैदर, जाफर रजा और मुजाहिद अब्बास मौजूद रहे।