किसानों का वन विभाग के खिलाफ प्रदर्शन
अफजलगढ़। भाकियू कार्यकर्ताओं ने किसान क्रांति यात्रा में शामिल होने ट्रैक्टर ट्रालियों में रवाना हुए। इस बीच केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की गई। किसानों ने धामपुर में एसडीएम कार्यालय पर प्रदर्शन किया। ग्राम मलौनी के किसानों के वन विभाग की ओर से किए जा रहे उत्पीड़न को अविलंब रुकवाने को एसडीएम को ज्ञापन सौंपा। इस बीच आंदोलन की भी चेतावनी दी गई। इस बीच लगभग एक हजार किसानों ने कूच की। वहीं, कुछ किसान रविवार को कूच करेंगे।
अफजलगढ़ गुरुद्वारे से ट्रैक्टर ट्रालियों में कूच करने के बाद कार्यकर्ता एसडीएम कार्यालय पर पहुंचे। यहां पर केंद्र और प्रदेश सरकार पर किसान विरोधी होने का आरोप लगाते हुए नारेबाजी की गई। आरोप लगाया कि सरकारी कार्यालयों में भ्रष्टाचार को दूर कराने का सरकार दावा कर रही हैं। पर अफजलगढ़ में वन विभाग के अधिकारियों ने किसानों के साथ जुल्म कर रखा है। बार बार शिकायत करने के बाद भी राजस्व विभाग के अधिकारी ने किसानों का फर्द खतौनी में नाम अंकित नहीं कर रहे हैं। ग्राम फतेहपुरधारा फार्म, जसपुर मौजा, रानी नांगल, छजमलवाला, फतेहपुरधारा, कल्लूवाला, मालौनी, लाल बाग, मीरापुर मोदीवाला सहित कई गांवों के किसानों ऐसा न होने से परेशान है। उधर, गन्ना विभाग धमका रहा है कि यदि उनके द्वारा जमीन की फर्द खतौनी नहीं जमा की तो उनके गन्ना बांड निरस्त कर दिये जाऐंगे। ऐसे में वह गन्ना कैसे सप्लाई करेंगे। एसडीएम को ज्ञापन सौंपने के बाद किसान हरिद्वार से शुरू होने वाली क्रांति यात्रा में शामिल होने को कूच कर गए। प्रदर्शन में पूर्व ब्लॉक प्रमुख एवं जिला उपाध्यक्ष मलकीत सिंह, राणा सिंह, किशना सिंह, नानक बिष्ट, कृष्ण पाल सिंह, चरन सिंह, परशन सिंह आदि रहे।