मेडिकल का नया लाइसेंस बनवाने या फिर रिटेंशन कराने के लिए आवेदन के साथ कॉमर्शियल विद्युत कनेक्शन की रसीद लगाना अनिवार्य होगा। इसके लिए शासन से नई गाइड लाइन आ चुकी है। व्यवसायिक कनेक्शन के बिना औषधि प्रशासन विभाग लाइसेंस जारी नहीं करेगा।
जिले में तीन हजार के करीब मेडिकल स्टोर हैं। इनमें 1200 होलसेल, 1800 रिटेल के हैं। अधिकांश मेडिकल स्टोर संचालकों के कनेक्शन या तो घरेलू हैं या फिर बहुत से मेडिकल स्टोरों पर किसी भी प्रकार के कनेक्शन नहीं हैं। ऐसे संचालकों की नकेल कसने के लिए औषधि प्रशासन विभाग ने नई गाइड लाइन जारी की है।
मेडिकल के नए लाइसेंस बनवाने या फिर रिटेंशन कराने के लिए सभी मानकों के साथ बिजली के व्यवसायिक कनेक्शन की रसीद अन्य दस्तावेजों के साथ लगाना अनिवार्य है। अभी तक होता ये था कि अधिकांश लोग घरेलू विद्युत कनेक्शन पर ही मेडिकल चलाते थे। या फिर किसी भी प्रकार के कनेक्शन बिना ही लाइसेंस जारी करवा लेते थे। लेकिन अब ऐसा नहीं होगा।
यदि कोई मेडिकल संचालक ऐसा करता पाया गया अथवा विभागीय अधिकारियों द्वारा इसकी अनदेखी की गई तो संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। औषधि निरीक्षक आशुतोष मिश्रा ने बताया कि मेडिकल का नया लाइसेंस बनवाने या फिर रिटेंशन कराने के लिए कामर्शियल विद्युत कनेक्शन की रसीद साथ में अवश्य लगानी पड़ेगी। सभी मेडिकल संचालक इसका प्राथमिकता के आधार पर पालन करें।