बिजनौर में त्योहारी सीजन शुरू होते ही खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग सक्रिय हो गया है। विभाग ने दूध, घी, बेसन, रिफाइंड आदि के 11 नमूने लिए हैं। एक फैक्टरी में नमकीन की गुणवत्ता अच्छी न पाए जाने पर करीब दो लाख रुपये की कीमत के 43 बोरे सील किए गए। विभाग की इस कार्रवाई से हड़कंप मच गया।
त्यौहार आते ही मिलावटखोर सक्रिय हो जाते हैं। दूध, घी, नमकीन से लेकर मिठाइयों तक में मिलावट होती है। इसी को देखते हुए विभाग की ओर से अभिहित अधिकारी विनोद कुमार, मुख्य खाद्य अधिकारी आनंद देव, एफएसओ पीके जैन ने अपनी टीम के साथ किरतपुर में मिठाई और किराना की दुकानों पर खाद्य पदार्थों के नमूने लिए। नजीबाबाद से दूध, देशी घी, नमकीन, बेसन, रिफाइंड तेल के नमूने लिए।
इसके अलावा किरतपुर से अतीक एवं आरिफ, भनेड़ा के रामअवतार सिंह की दुकान से दूध के नमूने लिए। नजीबाबाद में गिरीराज इंटरप्राइजेज (नमकीन की फैक्टरी) से बेसन, रिफाइंड, नमकीन, मटर दाल का पाउडर, मूंगफली, बूंदी एवं नमकीन के नमूने लिए। विभागीय टीम को नमकीन बनाने में गुणवत्ता सही नहीं मिली। टीम ने कार्रवाई करते हुए करीब दो लाख रुपये कीमत के 43 बोरे नमकीन के सील किए। विभाग द्वारा सैंपलिंग की कार्रवाई से दुकानदारों में हड़कंप मचा रहा। इस दौरान जगदंबा प्रसाद, एसपी सिंह, पीके त्रिपाठी, तेज बहादुर व मोहित मौजूद रहे।