ी रामजन्म भूमि मंदिर निर्माण न्यास, अयोध्या के अध्यक्ष रसिक पीठाधीश्वर महंत जन्मेजय शरण जी महाराज ने कहा कि संत समाज उसी सरकार के साथ रहेगा, जो रामलला का मंदिर बनाने में सहयोग करेगी।
मंगलवार की शाम सीता समाहित स्थल सीतामढ़ी में दर्शन पूजन के लिए पहुंचे जन्मेजय शरण ने ‘अमर उजाला’ से खास बातचीत में कहा कि नव वर्ष में श्रीराम मंदिर का निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा। इसके पहले इस साल अक्षय नवमी (आठ नवंबर) पर अयोध्या में सिंहद्वार का निर्माण शुरू होगा।
बताया कि मंगलवार को इलाहाबाद के जिलाधिकारी के साथ प्रयाग माघ मेले के संदर्भ में आयोजित बैठक में शामिल होने आया था। इसमें सभी अखाड़े के संत, महंत और महामंडलेश्वर भी शामिल हुए।
चुनावी दौर में मंदिर को लेकर बढ़ी राजनीतिक दलों की सक्रियता के बीच न्यास अध्यक्ष ने कहा कि 23 अक्तूबर को मंदिर निर्माण के प्रमुख रामचंद्र जी परमहंस महाराज की प्रतिमा का अनावरण कार्यक्रम है, जिसमें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय धर्माचार्यों का संगम होने जा रहा है।
इसमें मंदिर निर्माण की रणनीति तय की जाएगी। इस मौके पर वर्ल्ड सूफी काउंसिल के चेयरमैन कत्ताल जिलानी अजमेर शरीफ से आएंगे। उनके साथ भी महत्वपूर्ण बैठकें होंगी। महंत ने कहा कि सरकारों को जनभावना का सम्मान करना चाहिए। कहा कि हम उच्च न्यायालय के आदेश का पूरा सम्मान करते हैं।
इस मौके पर न्यास के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष संतोष कुमार मिश्रा, राहुल दूबे, महंत मंजुलदास, कैलाश चंद्र, काशी प्रसाद मिश्रा, पराग डेयरी के चेयरमैन पंडित राजबहादुर यादव, हरिनारायण शरण, हंसराज सिंह, डब्बू तिवारी, दुर्गेश तिवारी आदि मौजूद रहे।