विंध्याचल स्थित गोदाम के पास खड़े गेहूं लदे ट्रक, स्रोत सोशल मीडिया
गेहूं खरीद के बाद गोदामों पर ट्रकों से गेहूं के न उतारे जाने से खरीद प्रभावित हो रही है। जिले के भारतीय खाद्य निगम,पगार गोदाम व विंध्याचल के गोदाम में ट्रक खड़े हैं। जिलाधिकारी की बैठक में यह निर्णय हुआ था कि समस्त गेहूं की गाड़ी पगार गोदाम में अधिक से अधिक संख्या में भेजी जाए। आरोप है कि मंगलवार को वहां गेहूं लदे ट्रक भेजे गए लेकिन बताया गया कि वहां पर जगह नहीं है। यही स्थिति पथरहिया स्थित भारतीय खाद्य निगम व विंध्याचल के गोदाम की है। वहां पर भी गेहूं नहीं उतारा जा रहा है। गेहूं भंडारण के लिए जगह का अभाव बताया जा रहा है जबकि मध्य प्रदेश से आ रहा चावल कई चावल मिल मालिकों की ओर से कई गोदाम में लिया जा रहा है। इस पर कोई जगह का अभाव नहीं है। जिला खाद्य व विपणन अधिकारी संजीव कुमार सिंह ने कहा कि गोदामों में जगह का अभाव है। इसमें सभी गोदाम शामिल हैं। कहा कि मंडी समिति के चबूतरे को ले लिया गया है। अब वहां पर गेहूं उतारा जाएगा। अब कोई समस्या नहीं होगी।
8203 किसानों से हुई है 31,7300 क्विंटल गेहूं : जिले में मंगलवार तक 8203 किसानों से 317300 क्विंटल गेहूं की खरीद की जा चुकी है जो खरीद के लक्ष्य का 56. 66 प्रतिशत है। जिले के 103 क्रय केंद्रों पर कुल 56,0000 क्विंटल गेहूं खरीद का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। गेहूं बेचने के लिए अब तक 17221 किसानों ने पंजीकरण कराया है। इसमें से 12900 किसानों का सत्यापन हो चुका है और इसमें से 7153 किसानों ने अपना गेहूं बेचा है।