बाबूसराय। सावन महीने में कांवड़ियों के लिए प्रशासन ने हाईवे की उत्तरी लेन को आरक्षित कर दिया है। इससे हाईवे दक्षिणी लेन पर वाबनों का दबाव बढ़ गया है। इधर, हाईवे पर अवैध पार्किंग करने से बीते 12 दिनों में 11 हादसे हो चुके हैं। इसमें 11 लोग घायल हो चुके हैं। वाराणसी-प्रयागराज हाईवे का 42 किलोमीटर का दायरा भदोही जिले की सीमा से होकर गुजरता है।
दक्षिणी लेन में नौ पेट्रोल पंप और 15 ढाबों पर हो रही है पार्किंग
सावन में प्रशासन के लिए हाईवे पर सुगम यातायात एक चुनौती है। कांवड़िया लेन ही नहीं, बल्कि दक्षिणी लेन के साथ-साथ सर्विसलेन पर वाहनों के आवागमन का दबाव बढ़ गया है। हाईवे पर कई जगह ट्रक व कंटेनर चालक गाड़ियां पार्क कर दे रहे हैं। इससे कभी भी बड़ी दुर्घटना हो सकती है। पेट्रोल पंप और ढाबों के पास सबसे ज्यादा गाड़ियां खड़ी हो रही हैं। दक्षिणी लेन पर जिले की सीमा में नौ पेट्रोल पंप और 15 ढाबे हैं। जहां खूब वाहन खड़े हो रहे हैं।
24 गंटे में गुजरते हैं 12 हजार वाहन
टोल प्लाजा के आंकड़ों की मानें तो वाराणसी-प्रयागराज हाईवे से 24 घंटे में लगभग 12 हजार गाड़ियां गुजरती हैं। सावन में एक लेन बंद होने से दक्षिणी लेन से गाड़ियों का आवागमन हो रहा है। हालांकि, अभी तक कोई बड़ी दुर्घटना नहीं हुई है। कुछ छोटी घटनाएं जरूर हुई हैं। इसमें कुछ वाहनों की आसने-सामने टक्कर तो कुछ ओवरटेक करने में हादसे हुए हैं।
हाईवे पर फिलहाल आवागमन सामान्य है। कुछ ढाबों और पेट्रोल पंप के पास ट्रक, कंटेनर और अन्य भारी वाहन को चालक खड़े कर रहे हैं। यातायात विभाग उन पर नजर रखा है। उन्हें चेतावनी देकर हटाया जा रहा है। तीन टीमें लगातार हाईवे पर चक्रमण कर रही है।
- राजीव सिंह, सीओ यातायात।