भिदिऊरा गांव में सूर्यास्त के समय लाजिमा बिखेरते सूर्यदेव। संवाद
ज्ञानपुर। जिले में सोमवार को 12 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से पछुआ हवा चली। इससे ठंड ने रफ्तार पकड़ ली है। शाम होते ही गलन की साथ लोग ठिठुरन को विवश हैं। इन दिनों ठंड से तनिक भी राहत नहीं मिल रही है। यह मौसम सेहत के लिए नुकसानदेय है। जरा सी लापरवाही बरतने पर भी लोग बीमार पड़ रहे हैं। जिला अस्पताल की ओपीडी 836 रही। सोमवार को दिन भर धूप खिली रही, लोगों ने धूप का आंनद लिया। रविवार को पछुआ हवा सात किमी के रफ्तार से चल रही थी, जबकि सोमवार को 12 किमी के रफ्तार से चलने लगी। इसके कारण गलन का अहसास हुआ।
ठंड से बचाव के लिए लोग अलाव के पास बैठे, लेकिन राहत नहीं मिली। मौसम विभाग के आंकड़ों पर गौर करें तो सोमवार को अधिकतम पारा में मामूली सी वृद्धि रही। जबकि रात के तापमान में मामूली कमी आई। सुबह शाम धुंध होने के कारण वाहनों की रफ्तार थम सी गई। चालकों को सफर के दौरान मुश्किलें हुईं। रात नौ बजे के बाद बाजारों में सन्नाटा पसर गया। कृषि विज्ञान केंद्र के बेजवां के मौसम विशेषज्ञ सर्वेश बरनवाल ने बताया कि सोमवार को दिन का तापमान 26.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जबकि रात का पारा 13 डिग्री सेल्सियस रहा। बताया यह मौसम खेती किसान के दृष्टिकोण से फायदेमंद है। खासकर गेहूं की बोआई के लिए मौसम उत्तम है। ऐसे मौसम में गेहूं की बोआई ठीक से होती है।