ज्ञानपुर। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के साथ प्रतिमाह बढ़ रहे भार को देखते हुए खाद्य एवं रसद आयुक्त मनीष चौहान ने खाद्यान्न का उठान जीपीएस सिस्टम लगे वाहनों से ही कराने का निर्देश दिया है। विपणन विभाग को पालन कराने को कहा गया है। पूर्व निर्धारित वाहनों की मैपिंग सीमा 150 प्रतिशत से बढ़ाकर 200 प्रतिशत होगी। मंगलवार को आए आदेश का पालन कराने के लिए विभाग ने सख्ती दिखाई।
जिला खाद्य विपणन अधिकारी एसके मिश्रा ने बताया कि यह व्यवस्था स्टेप-1 और स्टेप-2 दोनों के लिए लागू होगी। स्टेप-1 के तहत ब्लाकवार लगे अधिसंख्य वाहनों में सिस्टम को लगवाया जा चुका है। शेष बचे वाहनों में भी सिस्टम लगवाकर ही खाद्यान्न का उठान कराया जाएगा। कहा कि जब सभी वाहनों में सिस्टम लगा रहेगा तो वाहनों की हकीकत अपने आप ही विभाग को पता चलती रहेगी। आयुक्त के निर्देश का पालन कराने के लिए टेंडरधारकों से सिस्टम को फालो कराने के लिए सख्ती की जा रही है।
आरोपित ठेकेदार के खिलाफ नहीं हो सकी कार्रवाई
ज्ञानपुर। ठेकेदार विनीत सिंह की तहरीर पर एक सप्ताह पूर्व गोपीगंज कोतवाली में मुकदमा दर्ज होने के बाद भी स्टेज-2 के आरोपित ठेकेदार के खिलाफ अब तक कोई कार्रवाई न होने से सवाल उठने शुरू हो गए हैं। एसपी रामबदन सिंह ने एएसपी आरके वर्मा से स्टेज-2 का टेंडर लेने में फर्जीवाड़ा की शिकायत की जांच कराई गई थी, जांच सही मिलने पर ठेकेदार और आरएफसी लिपिक पर मुकदमा दर्ज हो सका था। मामला सुर्खियों में आते ही आरएफसी मिर्जापुर केके सिंह ने लिपिक को निलंबित कर दिया, लेकिन ठेकेदार पर कार्रवाई नहीं हो सकी। गोपीगंज कोतवाल केके राय ने कहा कि कोविड-19 की व्यवस्था और मंडलीय पत्रावली उपलब्ध न होने के कारण देर हो रही है। मामला उच्चाधिकारियों के संज्ञान में है। जल्द ही कार्रवाई की प्रक्रिया पूर्ण की जाएगी।