स्वच्छ सर्वेक्षण के बीच नगर में साफ-सफाई व्यवस्था में किसी भी तरह की कमी नगर पंचायत प्रशासन नहीं चाहता। लापरवाही पर नगर पंचायत प्रशासन सख्त है। कार्य में लापरवाही करने वाले तीन सफाई कर्मियों का वेतन रोका गया है। इसमें दो का वेतन एक-एक माह का और एक का एक दिन का रोका गया है। सफाई कर्मियों को नियमित सफाई करने, वार्डों को चमकाने का निर्देश दिया गया है।
वार्ड दो में एक सफाई कर्मी की लापरवाही की शिकायत मिली थी। अधिशासी अधिकारी ने जांच की तो उसकी लापरवाही तो मिली ही, एक अन्य सफाई कर्मी की लापरवाही भी सामने आई। दोनों का मार्च का वेतन रोक दिया गया। ईओ आलोक रंजन ने कहा कि स्वच्छता को लेकर नगर पंचायत प्रशासन सख्त है। किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होने ज्यादा से ज्यादा लोगों केे सिटीजन फिडबैक देने के लिए कहा। वार्ड संख्या दो के सभासद आशीष रावत ने बताया कि वार्ड में कूड़ा समय से उठान न होने की शिकायत की गई थी। सोमवार को राजा बाजार और बालिपुर में लापरवाही मिलने पर एक सफाई कर्मचारी का एक दिन वेतन रोका गया है।
जागरूकता जरूरी
अधिशासी अधिकारी आलोक रंजन ने कहा कि स्वच्छ सर्वेक्षण में अपने निकाय को अव्वल स्थान हासिल करवाने के लिए सभी का सहयोग जरूरी है। जन-जन की जागरूकता से ही हम आगे बढ़ेंगे। नगर में जहां-जहां कूड़ेदान रखे गए हैं, उसका उपयोग करें। कूड़ा सड़क पर न फेंकें, प्रतिदिन उठान वाली गाड़ी जाती है। उसी गाड़ी में ही कूड़ा डाला जाए।