लंबे समय से वांछित की गिरफ्तारी के लिए डीआईजी ने 50 हजार का पुरस्कार घोषित किया था। पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देश पर इलेक्ट्रानिक साक्ष्य और बड़ोदरा पुलिस के सहयोग से नौशाद को बड़ोदरा (गुजरात) से गिरफ्तार कर लिया गया। उसे गुजरात से ट्रांजिट रिमांड पर लाकर जनपदीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जा रहा है। उसके खिलाफ भदोही सहित जौनपुर में गोवध, आर्म्स एक्ट, गैंगस्टर और लूट सहित दर्जन भर से अधिक मुकदमे दर्ज हैं।
चौरी पुलिस चौकी के समीप हुई वाराणसी के बड़ागांव निवासी मनीष की हत्या की गुत्थी सुलझाने में जिले की पुलिस उलझ गई है। सप्ताह भर बाद पुलिस किसी भी नतीजे पर नहीं पहुंच सकी है। अब मामले की जांच के लिए लखनऊ से फारेंसिक एक्सपर्ट को बुलाया गया है, जो पूरे प्रकरण की दोबारा से जांच करेंगे।
वाराणसी के चवरभट्टा निवासी मनीष की छह नवंबर को चकभूईधर गांव के एक पंपिगसेट के कुएं में शव मिला था। उस दौरान वहां पार्टी में वह अपने दोस्तों के साथ शामिल हुआ था। पुलिस ने मामले में उसके चार दोस्तों पर मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया था।
एसपी डॉ. अनिल कुमार के निर्देश पर क्राइम ब्रांच और चौरी पुलिस हत्या और दुर्घटना के अलग-अलग पहलुओं की जांच की, लेकिन एक सप्ताह बाद भी पुलिस किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सकी। मनीष नशे की हालत में कुएं में गिरा या उसको धकेला गया यह स्पष्ट नहीं हो पा रहा है। अपर पुलिस अधीक्षक राजेश भारती ने बताया कि शुरूआती जांच में मामला दुर्घटना समझ में आ रही है, लेकिन अब लखनऊ से फारेंसिक एक्सपर्ट को बुलाया गया है। टीम दोबारा से पूरे प्रकरण की जांच करेगी।