जिले के धार्मिक स्थल सीतामढ़ी और मिर्जापुर के मिश्रपुर गंगा में बने पीपा पुल पर शुक्रवार की शाम आवागन शुरू हो गया है। मकर संक्रांति की सुबह पुल टूटने से आवागमन बाधित था। मिर्जापुर पीडब्ल्यूडी विभाग की टीम ने करीब 50 मजदूरों को लगाकर युद्धस्तर पर पीपा पुल की मरम्मत कराई। जिससे तीन दिनों में ही पुल की मरम्मत का कार्य पूरा कर लिया गया।
इस साल गंगा का जलस्तर अधिक होने के कारण जिले के तीनों पीपा पुलों का निर्माण नियत समय से काफी विलंब से हो पाया। धनतुलसी डेंगुरपुर और रामपुर पीपा पुल का निर्माण लोक निर्माण विभाग भदोही करता है। वहीं सीतामढ़ी मिश्रपुर पीपा पुल का निर्माण लोक निर्माण विभाग मिर्जापुर की ओर से किया जाता है।
सीतामढ़ी गंगा नदी में इस बार बीच में गंगा रेत पड़ने से गंगा दो भागों में बंट गई है। जिस कारण पीपा पुल का निर्माण भी दो खंडो में करना पड़ा है। 94 पीपों को जोड़ने के बाद कई पीपे कम पड़ गए थे। जिसके बाद बालू की बोरियों से सड़क निर्माण किया गया था। मंगलवार को गंगा का जलस्तर अचानक बढ़ने के बाद गंगा की धारा के तेज प्रवाह से गंगा में लगाई गई बल्लियां खिसक गई थीं। जिससे पीपा पुल का लगभग 15 मीटर भाग क्षतिग्रस्त होकर गंगा में गिर गया था।
मिर्जापुर पीडब्लयूडी विभाग के अवर अभियंता ने चार दिनों में पीपा पुल का निर्माण करने का दावा किया था। हालांकि तीन दिन में ही पीपा पुल का काम पूरा हो गया। पीपा पुल के अवर अभियंता बीसी राम ने बताया कि मजदूरों को लगाकर पीपा पुल का निर्माण पूरा कर दिया गया है। शाम चार बजे से आवागमन भी शुरू हो गया।