फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सत्यापन के अभाव में सुस्त पड़ी गेहूं की खरीद, डीएम सख्त

विज्ञापन
विज्ञापन
ज्ञानपुर। जिले में 10 केंद्रों पर गेहूं की खरीद सत्यापन के अभाव में सुस्त पड़ गई है। मामला डीएम तक पहुंचने पर उन्होंने बृहस्पतिवार को सभी एसडीएम को सत्यापन कार्य में तेजी लाने और विपणन विभाग को लंबित पड़े पीएफएमएस के मामलों को अविलंब निबटाने का सख्त निर्देश दिया है।
विज्ञापन

किसान कपूरचंद, सरबजीत, कृष्णानंद, प्रेमबिहारी, हरिश्चंद्र आदि ने बताया कि एक अप्रैल से ब्लाक डीघ, अभोली और ज्ञानपुर में विभिन्न संस्थानों के साथ विपणन विभाग की तरफ से गेहूं खरीद के लिए 24 केंद्र खोलने की बात कही गई थी। इनमें से अब तक मात्र 10 केंद्रों पर खरीद शुरू हो सकी है और 14 पर बोहनी तक नहीं हो सकी है। गत वर्ष की तरह इस बार भी शासन स्तर से कोई लक्ष्य निर्धारित न होने के कारण संस्थान अधिक से अधिक खरीदारी को लक्ष्य मान रहे हैं। लघु एवं सीमांत क्षेत्र के किसानों की कम मात्रा में गेहूं खरीद आसानी से कर ली जा रही है, लेकिन बड़े किसानों की सौ क्विंटल से अधिक गेहूं होने पर बिना एसडीएम स्तर से सत्यापन कराए खरीद होना मुश्किल होने लगा है। मौसम में बार-बार बदलाव होने से किसान भी कटाई मड़ाई कार्य पूरा करने के लिए दिन-रात मेहनत कर रहे हैं। इसके बाद भी महंगा किराया तय कर गेहूं को केंद्रों तक लाने पर किसानों को सत्यापन के नाम पर बार-बार दौड़ाया जा रहा है।
इस संबंध में जिला विपणन अधिकारी एसके मिश्रा का कहना है कि उन्हीं किसानों को सत्यापन के लिए कहा जाता है, जिनकी उपज सौ क्विंटल से अधिक है। अब तक विपणन, एफसीआई, पीसीएफ के केंद्रों पर पंजीकृत 3864 में 1689 किसानों से लगभग 578 एमटी गेहूं की खरीद कराकर एक करोड़ 14 लाख 22 हजार 412 रुपये का भुगतान भी कर दिया गया है। लगभग छह सौ किसानों का सत्यापन रिपोर्ट मिल जाने पर खरीदारी में तेजी दिखेगी। आनलाइन पीएफएमएस के 724, खतौनी में मिसमैच के रूप में 1812 किसानों के मामलों की जांच की प्रक्रिया जारी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें