कर्बला में ताजियों कों शाम के समय ठंडा किया गया। चेहल्लुम के जुलूस में शामिल आशिकाने हुसैन के बुलंद किए जा रहे नारों से सदा गूंजती रही।
नगर क्षेत्र के कांशीराम शहरी आवास परिसर के आवासियों की ओर से चेहल्लुम पर ताजियों और अखाड़ों के साथ जुलूस निकाला गया। दिनभर यौमे शहादत मनाकर कर्बला के जानेसारों को खिराज-ए-अकीदत पेश करते रहे। शाम के समय ताजियों को कर्बला में ठंडा किया गया।
खमरिया संवाददाता के अनुसार, नगर में रविवार को चेहल्लुम जुलूस निकाला गया। ताजियों के साथ निकाले गए जुलूस में शामिल अखाड़ों की ओर से फन-ए-सिपहगिरी पेश किया गया।
बारिश और ठंड के बावजूद बड़ी संख्या में लोग चेहल्लूम के जुलूस में शामिल हुए। या हुसैन, या हसन, नारा-ए-तकबीर की सदा देते हुए जुलूस कर्बला पहुंचा। जहां ताजियादारों ने ताजियों को ठंडा किया।
कल्लू अखाड़ा और इदरीस अखाड़ा की ओर से पेश किए गए फन ए सिपहगिरी का खेल भी देखा। एक से बढ़कर एक फन पेश करके खिलाड़ियों को इनाम से भी नवाजा। लोगों की ओर से शहीदाने कर्बला की याद में खिचड़ा, पुलाव समेत अन्य पकवानों का लंगर बांटा गया।
जुलूस में जफर खां, इजहार अंसारी, कमालुद्दीन, गुड्डू मोस्टर, लवी खां, बाबू खां, हाजी इलियास, सेंचू अंसारी आदि
ामिल रहे।
मोढ़ संवाददाता के अनुसार, चेहल्लूम पर इलाके के भिखारीरामपुर और विष्णुपुर में
ताजियों के साथ अखाड़ेदारों की ओर से जुलूस निकाला गया। भिखारीरामपुर कर्बला में कई अखाड़ों की ओर से जंगी जौहर दिखाए गए। फन ए-सिपहगिरी देखने के लिए लोगों की भीड़ उमड़ी रही।
शहीदाने कर्बला को खिराज-ए-अकीदत पेश किया।
इस मौके पर हसन अंसारी, सिद्दीक अंसारी, भोला अंसारी आदि रहे। इसी तरह पुरानी मोढ़, कोछिया, मनीगंज, बरदहवां, कस्तूरीपुर, कुढ़वा में भी चेहल्लूम जुलूस निकाले गए।