प्रदेश सरकार के बिजली मूल्य बढ़ाने, किसानों के मुआवजे में घपला, गड्ढायुक्त सड़कें और पिपरिस में बूचड़खाना निर्माण प्रस्ताव के विरोध में मंगलवार को भाजपा कार्यकर्ताओं ने तहसील पर धरना-प्रदर्शन किया। इस दौरान राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा गया। सभा में वरिष्ठ भाजपा नेता डा. आरके पटेल ने कहा की बिजली दर में बढ़ोत्तरी गरीबों पर भारी पड़ रही है। जबकि रोस्टर को ताक पर रखकर मनमानी कटौती की जा रही है।
पूर्व मंत्री दीनानाथ भाष्कर ने कहा कि प्रदेश में अराजकता और गुंडागर्दी है। जिसे भाजपा के लोग बर्दाश्त नहीं करेंगे। वक्ताओं ने कहा कि सपाराज में सिर्फ वोट की राजनीति हो रही है। गरीब किसानों को मुआवजा उसी राजनीति का हिस्सा है। अधिसंख्य किसानों को अब तक मुआवजा इसलिए नहीं मिल सका है, क्योंकि उनकी आस्था दूसरी पार्टियों में है। वक्ताओं ने पिपरिस में बूचड़खाना निर्माण प्रस्ताव को खारिज करते हुए उसे निरस्त करने की मांग की। कहा कि इस पर सरकार जो भी खर्च करेगी, वह बेकार हो जाएगा क्योंकि वहां बूचड़खाना सफल नहीं होगा।
धरना 11 बजे से दोपहर 2 बजे तक चला और एसडीएम को ज्ञापन देकर समाप्त किया गया। इसमें डा.जय कुमार सिंह, रवींद्र मौर्य, सुभाष मौर्य, बाबू राम बिंद, उमाशंकर मिश्र, सपना दूबे, नन्हे लाल मौर्य, राजेंद्र प्रसाद मिश्र, विनय पांडेय, अवधेश कुमार वैश्य, सभाशंकर त्रिपाठी आदि शामिल रहे।