रामपुर गंगा घाट पर बड़ी संख्या में लोगों ने पिंडदान कर पितरों को विदाई दी। भीड़ के चलते ज्ञानपुर-गोपीगंज मार्ग पर जाम की स्थिति रही। रामपुर गंगा घाट पर साफ-सफाई न होने से लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
सोमवार को भोर में पांच बजे से ही पितरों को पिंडदान देने के लिए लोग जिले के रामपुर, बेरासपुर, बिहरोजपुर, सीतामढ़ी गंगा घाट पर पहुंचने लगे। जैसे-जैसे दिन बढ़ता गया लोगों की संख्या बढ़ती गई। रामपुर गंगा घाट पर स्थिति यह हो गई कि तिल डालने की जगह नहीं बची। गोपीगंज से रामपुर घाट जाने वाला मार्ग भीड़ के दबाव से थम गया। साइकल, बाइक सवार धीरे-धीरे चलते हुए आगे बढ़े। घाटों पर लोगों ने आटो, खोवा का पिंड बनाने के बाद तिल, अगरबत्ती, कुश, मधु समेत अन्य विधि पूर्वक पुरखों की पूजा कर पिंडदान किया। पिंडदान के बाद गंगा में तर्पण कर पूर्वजों को याद किया। बेरासपुर गंगा घाट पर सूब्बे महराज ने आए हुए लोगों का विधि विधान पूर्वक पिंडदान कराया। प्रशासनिक स्तर से गंगा घाटों की साफ-सफाई न होने से लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। पिंडदान करने आए लोग प्रशासन और नगर पालिका को कोसते रहे।