ज्ञानपुर (भदोही)। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के आरक्षण की अनंतिम सूची को लेकर जिले में जारी विरोध थमने का नाम नहीं ले रहा है। ग्राम प्रधान और जिला पंचायत के आरक्षण को लेकर ब्लॉक, कलेक्ट्रेट और विकास भवन में काफी संख्या में आपत्तियां आ रही हैं।
वहीं अनंतिम सूची में धांधली का आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने डीएम आर्यका अखौरी से जांच की मांग की। इस क्रम में भाजपा नेता जेपी सिंह ने मुख्यमंत्री को पत्र भेेजकर जिला पंचायत के आरक्षण में गड़बड़ी का आरोप लगाया है।
भाजपा नेता ने पत्रक में कहा कि 1995 से लेकर 2021 तक उनकी ग्राम पंचायत जिस वार्ड में गई वह एससी हो गया है। अब औराई ब्लॉक के वार्ड 23 को एससी के लिए आरक्षित किया गया जबकि एससी की संख्या वहां पर अधिक नहीं है। बताया कि चक्रानुक्रम से लेकर जनसंख्या को दरकिनार कर अधिकारियों ने अपने मनमाने ढंग से अनंतिम सूची को जारी किया है। डीघ के मझगवां गांव के ग्रामीणों ने डीएम को प्रार्थना पत्र देकर आरक्षित सीट को एससी रखने की मांग की है।
इस अवसर पर प्रदर्शन करने वालों में सभाजीत, हनुमान दास, काशी, मुरलीधर, धर्म प्रकाश आदि लोग मौजूद रहें। ज्ञानपुर के गल्हैया गांव के ग्रामीणों ने डीपीआरओ को प्रार्थना पत्र देकर गल्हैया गांव को सामान्य करने की मांग की। ग्रामीण रमाशंकर, जगदीश आदि ने
कहा कि वारी से कटकर अलग गांव गल्हैयां बना है। 1995 से लेकर 2021 तक उसे अलग-अलग दिखाया गया है जिसमें एससी, ओबीसी के लिए ही गांव आरक्षित हुआ है।
इस दौरान मांग की है कि इस बार जारी हुई अनंतिम सूची की समीक्षा कर गांव को अनारक्षित किया जाए। सपा नेता लालू यादव ने भी डीएम और मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर डीघ ब्लॉक के वार्ड 18 को ओबीसी के लिए आरक्षित करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि गुजरे तीन चुनाव से वह सीट एससी के लिए आरक्षित हो रही हैं।